UP BEd JEE exam will be held on 1st June at 27 centers in Jaunpur without cheating
UP BEd JEE 2025 जौनपुर : संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा- 2025 को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक संपन्न हुई।संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा 01 जून 2025 को दो चरणों में आयोजित होना है, यह परीक्षा दो सत्रों में आयोजित होगी, प्रथम पाली पूर्वाह्न 09 बजे से मध्याह्न 12 बजे तक तथा द्वितीय पाली की परीक्षा अपराह्न 02 बजे से 05 बजे तक आयोजित होगी। जनपद के 27 केंद्रों पर परीक्षा आयोजित होगी।
जिलाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया कि यातायात व्यवस्था, ट्रैफिक को लेकर किसी भी प्रकार की कोई समस्या न होने पाए, सम्बंधित अधिकारी इसका विशेष ध्यान रखे। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों के बैठने की व्यवस्था, पेयजल सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित कर ली जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षा को शूचितापूर्ण तथा नकलविहीन ढंग से संपन्न कराया जाए। नियमानुसार परीक्षा संपन्न कराई जाए। जिन अधिकारियों कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है वे परीक्षा केंद्रों पर ससमय उपस्थित रहेंगे।इस अवसर पर एसपी सिटी आयुष श्रीवास्तव, अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 राम अक्षयबर चौहान, नगर मजिस्ट्रेट इंद्र नंदन सिंह, वरिष्ठ कोषाधिकारी, केंद्राध्यक्षों, पर्यवेक्षकों, सेक्टर मजिस्ट्रेट, स्टैटिक मजिस्ट्रेट सहित अन्य उपस्थित रहे।
हिंदी पत्रकारिता दिवस:कलम की पहली चिंगारी से आज के जनमत तक
Hindi Journalism Day: From the first spark of the pen to today’s public opinion
हिंदी पत्रकारिता दिवस का दिन न केवल एक ऐतिहासिक घटना की स्मृति है, बल्कि यह अभिव्यक्ति की आज़ादी, सामाजिक जागरूकता और जनमानस के अधिकारों की रक्षा के लिए लड़ी गई एक लंबी लड़ाई का प्रतीक भी है। 30 मई 1826 को प्रकाशित हुए उदन्त मार्तण्ड ने जब हिंदी में पहली बार समाचारों की दुनिया में प्रवेश किया, तब शायद किसी ने नहीं सोचा होगा कि यह प्रयास आगे चलकर एक संपूर्ण परंपरा, एक आंदोलन और एक चेतना में रूपांतरित होगा। उदन्त मार्तण्ड का प्रकाशन कोलकाता से हुआ था, जहाँ हिंदी भाषी जनता बहुत कम थी, फिर भी पंडित जुगल किशोर शुक्ल ने एक नया रास्ता चुना- ऐसा रास्ता जिस पर न संसाधन थे, न समर्थन और न ही सत्ता की सहानुभूति। अंग्रेजी और बंगाली के वर्चस्व वाले समाचार जगत में हिंदी को स्थान दिलाने का उनका प्रयास उस समय एक सामाजिक और भाषाई साहस था। यह पत्र लंबे समय तक नहीं चल सका, लेकिन जो विचार उस दिन अंकित हुआ, वह इतिहास में स्थायी रूप से दर्ज हो गया।
आज जब हम हिंदी पत्रकारिता दिवस मनाते हैं, तो यह केवल एक भाषाई शुरुआत का उत्सव नहीं है, बल्कि यह उस विचारधारा का स्मरण भी है जो जनता को सूचना से सशक्त करने की बात करती है। आज़ादी के आंदोलन में हिंदी पत्रकारिता ने अग्निशिखा की तरह काम किया। गणेश शंकर विद्यार्थी, बाबू बाल मुकुंद गुप्त, माखनलाल चतुर्वेदी जैसे पत्रकारों ने अपनी लेखनी से ब्रिटिश सत्ता की नींव हिला दी। उनकी कलम जनता की आवाज़ बनी, और अंग्रेजी सत्ता के खिलाफ आक्रोश और आत्मसम्मान का प्रतीक भी। स्वतंत्रता के बाद हिंदी पत्रकारिता ने लोकतंत्र को आकार देने में निर्णायक भूमिका निभाई। अनेक समाचार पत्रों और पत्रिकाओं ने जनता को सच से परिचित कराने, सत्ता से सवाल पूछने और सामाजिक अन्याय के खिलाफ आवाज़ बुलंद करने में योगदान दिया। गांव, कस्बों और छोटे शहरों की समस्याएँ हों या देशव्यापी आंदोलन- हिंदी पत्रकारिता ने उन्हें मंच देने का काम किया। परंतु बीते दो दशकों में इस पेशे की दिशा और दृष्टि में व्यापक बदलाव आए हैं।
वर्तमान हिंदी पत्रकारिता एक गहरे संक्रमण से गुजर रही है। एक ओर पत्रकारिता में डिजिटल क्रांति आई है, जिसने सूचनाओं को त्वरित और सुलभ बनाया है, तो दूसरी ओर इसने सूचना की विश्वसनीयता और गहराई को गंभीर संकट में भी डाला है। सोशल मीडिया, यूट्यूब चैनल, और न्यूज़ ऐप्स के ज़रिए खबरों की दौड़ में शामिल संस्थान तथ्यों की पुष्टि से पहले ‘सबसे पहले’ पहुँचने की होड़ में लगे हैं। नतीजतन, अफवाहें, भ्रामक हेडलाइन और अधूरी रिपोर्टिंग अब सामान्य होती जा रही है।।एक और चिंताजनक पहलू है- राजनीतिक और कॉरपोरेट प्रभाव। आज अनेक समाचार माध्यम या तो प्रत्यक्ष रूप से किसी राजनीतिक दल या कॉरपोरेट समूह के स्वामित्व में हैं या फिर उनके आर्थिक दबाव में काम कर रहे हैं। इससे पत्रकारिता की निष्पक्षता और स्वतंत्रता दोनों प्रभावित हो रही हैं। जब मीडिया संस्थान विज्ञापनदाताओं या राजनीतिक आकाओं की आलोचना से बचते हैं, तब पत्रकारिता लोकतंत्र की सेवा करने के बजाय उसकी सीमाओं को सीमित करने लगती है।
इसके साथ ही पत्रकारों की सुरक्षा और आज़ादी भी चिंता का विषय बनी हुई है। रिपोर्टर्स विदआउट बॉर्डर्स की रिपोर्ट के अनुसार भारत में पत्रकारों पर हमले, गिरफ्तारी और हत्या के मामलों में बढ़ोतरी हुई है। कई पत्रकार, विशेष रूप से ग्रामीण इलाकों में काम करने वाले, भ्रष्टाचार, अवैध खनन या सांप्रदायिक हिंसा की रिपोर्टिंग करते समय हिंसा और दमन का शिकार हो रहे हैं। जहाँ एक ओर संकट के ये बादल मंडरा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ सकारात्मक पहलू भी हैं। हिंदी पत्रकारिता में आज कई साहसी और संवेदनशील पत्रकार हैं जो ज़मीन से जुड़ी रिपोर्टिंग कर रहे हैं, और सत्ता के सामने सच को निर्भयता से रख रहे हैं। क्षेत्रीय पोर्टल, स्वतंत्र मीडिया संगठन और कई युवा पत्रकार आज भी उस परंपरा को जीवित रखे हुए हैं जो उदन्त मार्तण्ड से शुरू हुई थी।
आज की तारीख में पत्रकारिता को जितनी आज़ादी की ज़रूरत है, उतनी ही उत्तरदायित्व की भी। सूचना केवल देने का माध्यम नहीं है, बल्कि सामाजिक चेतना को दिशा देने का साधन भी है। जब पत्रकारिता तथ्य, विवेक और संवेदना के साथ काम करती है, तब वह जनता को सशक्त बनाती है। लेकिन जब वही पत्रकारिता केवल टीआरपी, क्लिक या राजनीतिक स्वार्थों का उपकरण बन जाती है, तब वह लोकतंत्र के लिए खतरा बन जाती है। हिंदी पत्रकारिता दिवस हमें याद दिलाता है कि पत्रकारिता सिर्फ पेशा नहीं, एक मिशन है। यह लोकतंत्र की आत्मा है- जो न केवल शासन से, बल्कि समाज से भी ईमानदारी की माँग करती है। इस दिन हमें उन सभी पत्रकारों को याद करना चाहिए जिन्होंने सत्ता की परवाह किए बिना सच को कहा, लिखा और जिया। साथ ही, आज के पत्रकारों को यह भी आत्ममंथन करना चाहिए कि वे पत्रकारिता को एक सेवा समझते हैं या एक साधन।
आज जब तकनीक, बाज़ार और सत्ता तीनों पत्रकारिता को अपनी सीमाओं में बाँधने की कोशिश कर रहे हैं, तब ‘उदन्त मार्तण्ड’ की वह पहली पुकार हमें फिर याद दिलाती है कि पत्रकारिता का अंतिम उत्तरदायित्व जनता के प्रति है- न कि सरकार, कॉरपोरेट या किसी राजनीतिक विचारधारा के प्रति। यह दिवस महज़ अतीत की महिमा का गुणगान नहीं, बल्कि भविष्य की पत्रकारिता के लिए एक नैतिक दिशा तय करने का अवसर भी है। यही इसकी सार्थकता है।
Accident Jaunpur: Uncontrolled bus overturned on the side of the road, 4 dead, 10 injured
Accident Jaunpur : जौनपुए । तेज रफ्तार प्राइवेट बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलटी चार यात्रियों की मौत पांच से अधिक घायल। यूपी के जौनपुर में शुक्रवार की सुबह भीषण सड़क हादसा हो गया कुमार बस पलटने से 4 की मौत पांच गंभीर रूप से घायल बक्शा थाना क्षेत्र के लखौवा गांव के पास वाराणसी लखनऊ नेशनल हाइवे पर सवारियां लेकर आ रही एक निजी में अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई।
इस दर्दनाक हादसे में मौके पर ही चार लोगों की मौत हो गई,पांच अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल है। मृतकों में निमा देवी उम्र 60 वर्ष, सन्ध्या शर्मा उम्र 23 वर्ष अन्य दो अज्ञात है।
पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि सभी घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) भेजा गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला अस्पताल रेफर किया गया है। हादसे के बाद प्रशासन ने तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू किया। जेसीबी की मदद से बस को सड़क से हटाया गया और यातायात बहाल किया गया। मौके पर शांति व्यवस्था कायम है। पुलिस ने बताया कि हादसे के कारणों की जांच की जा रही है, और जरूरी कानूनी प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है।
JAUNPUR NEWS अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2025 की तैयारियाँ शुरू
JAUNPUR NEWS Preparations begin for International Yoga Day 2025
International Yoga Day 2025 JAUNPUR जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2025 के अवसर पर भव्य और व्यापक स्तर पर तैयारियाँ आरंभ हो चुकी हैं। मा. कुलाधिपति एवं श्री राज्यपाल, उत्तर प्रदेश की प्रेरणा से विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, योग दिवस से संबंधित विविध गतिविधियों की श्रृंखला 1 जून से प्रारंभ होकर 21 जून तक चलेगी। इन आयोजनों का उद्देश्य विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं आमजन में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करना है।
कुलपति प्रो. वंदना सिंह के मार्गदर्शन में तैयार की गई इस आयोजन श्रृंखला की रूपरेखा अत्यंत व्यापक और जनहितकारी है। 1 जून से शुरू होने वाले कार्यक्रमों में चंदन वाटिका की स्थापना, सामूहिक योग अभ्यास, योग पर संगोष्ठियाँ, योग मैराथन, योग वाटिका, योग प्रदर्शनी का आयोजन, योग साहित्य पर पुस्तक प्रकाशन, सामूहिक सूर्य नमस्कार तथा विद्यार्थियों, शिक्षको, कर्मचारियों एवं उनके परिवारजनों के लिए सात दिवसीय निःशुल्क योग शिविर का आयोजन 5-11 जून, 2025 से किया जा रहा है, जिसमे आर्ट ऑफ़ लिविंग, बंगलुरु के प्रशिक्षित योग आचार्य द्वारा योगाभ्यास एवं ध्यान का प्रशिक्षण दिया जायेगा। इस शिविर के प्रथम दिन मेडिकल कॉलेज जौनपुर की टीम द्वारा समस्त प्रतिभागियों का आवश्यक मूलभूत निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण किया जायेगा।
छात्र कल्याण अधिष्ठाता एवं योग दिवस के संयोजक प्रो. प्रमोद कुमार यादव ने बताया कि इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम “एक पृथ्वी – एक स्वास्थ्य के लिए योग” निर्धारित की गई है। साथ ही, इस वर्ष योग दिवस की 10वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में विश्वविद्यालय द्वारा 10 विशिष्ट कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जाएगी।सभी कार्यक्रमों के सुचारु संचालन हेतु कुलपति द्वारा प्रो. मनोज मिश्र, प्रो. राजकुमार, प्रो. गिरिधर मिश्र, डॉ. राज बहादुर यादव (समन्वयक, राष्ट्रीय सेवा योजना), डॉ. मनोज कुमार पांडेय, डॉ. जान्हवी श्रीवास्तव, डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर एवं योग प्रशिक्षक जय सिंह को नोडल अधिकारी नामित किया गया है।
इन समस्त आयोजनों का मुख्य आकर्षण 21 जून को आयोजित होने वाला “अंतरराष्ट्रीय योग दिवस” समारोह होगा, जिसके अंतर्गत विश्वविद्यालय परिसर में एक भव्य योग शिविर आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं, शिक्षकगण, कर्मचारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक भाग लेंगे। उत्तर प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों तथा सम्बद्ध महाविद्यालयों में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सुबह सात बजे एक साथ ‘सूर्य नमस्कार योग मुद्रा’ कार्यक्रम आयोजित करते हुए विश्व कीर्तिमान स्थापित किया जाना है।विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी सम्बद्ध महाविद्यालयों को निर्देशित किया है कि वे भी उक्त 10 कार्यक्रमों को अपने-अपने परिसर में आयोजित करें तथा कार्यक्रम की विस्तृत रिपोर्ट व जिओ-टैग फ़ोटो विश्वविद्यालय को उपलब्ध कराएं।
स्वपवित्तपोषित शिक्षक संघ ने वित्त अधिकारी को दिया ज्ञापन
स्वपवित्तपोषित शिक्षक संघ ने कुलपति वित्त अधिकारी को दिया ज्ञापन
प्राचार्य शिक्षकों का डाटा समर्थ पोर्टल पर अपलोड करने का जोर
परीक्षकों के मूल्यांकन प्राश्रमिक भुगतान करने की मांग
जौनपुर । वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में उत्तर प्रदेश स्ववित्रपोषित महाविद्यालय शिक्षक एशोसियेशन के पदाधिकारियो ने कुलपति वित्त अधिकारी को ज्ञापन दिया, जिसमे शिक्षकों प्राचार्यो का डाटा समर्थ पोर्टल पर अपलोड करने की मांग की। वही मूल्यांकन के बाकी पराश्रमिक भुगतान करने की मांग की। इसके अलावा स्ववित्रपोषित शिक्षकों को भी पीएचडी शोध निदेशक बनाए जाने के संबंध में जोर दिया।
बता दे की उत्तर प्रदेश स्ववित्रपोषित महाविद्यालय शिक्षक एशोसियेशन के अध्यक्ष डॉ. प्रभाकर सिंह ,महामंत्री डॉ निलेश कुमार सिंह के नेतृत्व में दो दर्जनो शिक्षक पदाधिकारी पूर्वांचल विश्वविद्यालय पहुंचे। कुलपति और वित्त अधिकारी को ज्ञापन दिया। जिसमें शिक्षकों ने मांग किया कि विषम सेमेस्टर 2025 की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन का प्रारंश्रिक अभी तक भुगतान नहीं किया गया। जिससे हजारों शिक्षकों का प्रारिश्रमि भुगतान न होने से उन्हे समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इस दौरान शिक्षकों ने वित्त अधिकारी संतोष कुमार शर्मा को ज्ञापन दिया, उङाका दल के वाह के भुगतान को बढ़ाने की मांग की। वित्त अधिकारी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बैंक की जिम्मेदारों से बात किया और शिक्षकों के भुगतान एक हफ्ते के अंदर किए जाने का निर्देश दिया। जिससे शिक्षक को राहत मिली।
इसके बाद शिक्षक नेताओं ने कुलपति को ज्ञापन दिया ।जिसमें सेल्फ फाईनेन्स शिक्षकों को भी पीएचडी में शोध निर्देशक बनने की मांग की ,कहां की शोध निर्देशक बनने में भेदभाव ना करें , जबकि यह सामान योग्यता वेतन सेवा शर्तों पर शिक्षक सेवा दे रहे हैं तो उनके उन्हें शोध निरीक्षक क्यों नहीं बनाया जा रहा है। यह भेदभाव पूर्ण हो या कई सवाल खड़े करते हैं। सभी महाविद्यालय के प्राचार्य एवं शिक्षकों का डाटा समर्थ पोर्टल पर अपलोड किया जाए और उन्हें एक यूनिक आईडी भी दी जाए ,इस बारे मे संपूर्ण जानकारी ऑनलाइन हो सके और मूल्यांकन एवं अन्य कार्य के लिए बार-बार शिक्षकों को अनुमोदन विस्तारण सैलरी स्टेटमेंट आदि ना देना पड़े ।उन्हें एक क्लिक में सारी जानकारी विश्वविद्यालय को मिल जाए जिससे शिक्षकों को बार-बार समस्याओं का सामना न करना पड़े। मौके पर डॉ अमित कुमार सिंह, डॉ राजेश श्रीवास्तव, डॉ सलीम खान, डॉ संजीव सिंह, डॉ रविंद्र त्रिपाठी, डॉ सतीश चंद दुबे, डॉ सीमा सिंह ,डॉ संतोष सिंह, डा इंद्र सिंह, डॉ पिंटू गुप्ता, डॉ निजामुद्दीन ,डॉ पूजा उपाध्याय डॉ चंदन सिंह डॉ शशिकांत डॉ श्रद्धा दुबे मौजूद रही।
JAUNPUR NEWS मछलीशहर ब्लाक का डीएम ने किया निरीक्षण
JAUNPUR NEWS जौनपुर: जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र के द्वारा गुरुवार को खण्ड विकास कार्यालय मछलीशहर का औचक निरीक्षण किया गया। जिलाधिकारी द्वारा विकासखंड में नीति आयोग द्वारा निर्धारित संकेतकों और संबंधित विभाग जैसे कृषि विभाग बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, शिक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग के संबंध में बैठक की गई।बैठक में उन्होंने निर्देश दिया कि जिन जिन इंडीकेटरों में प्रगति कम है उनमें अपेक्षित सुधार लाया जाए। जिलाधिकारी के द्वारा विकासखंड मछलीशहर के अंतर्गत ताजुद्दीनपुर गांव में जल जीवन मिशन के कार्यों का निरीक्षण भी किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पाया कि पानी का टंकी का निर्माण पूरा हो गया है, पंप चालू हालत में है। जिलाधिकारी के द्वारा निर्देशित किया गया कि कनेक्शन की संख्या और अधिक बढ़ाते हुए अधिक संख्या में लोगों को पेयजल योजना का लाभ दिलाया जाए।निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ध्रुव खाड़िया ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सौरभ कुमार, खंड विकास अधिकारी सचिन भारती, जिला कृषि अधिकारी विनय कुमार सिंह सहित अन्य उपस्थित रहे।
Jaunpur court’s big decision in the case of rape of a minor, accused Khurshid Alam sentenced to 25 years of imprisonment
JAUNPUR CRIME NEWS ; जौनपुर की कोर्ट ने आज एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है नाबालिग़ से दुष्कर्म के दोषी को महज 26 दिन में 25 साल की सजा और 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है, भारतीय न्याय संहिता का नया कानून बनने के बाद जनपद जौनपुर के अपर सत्र न्यायाधीश उमेश कुमार दृतीय ने 6 साल की बच्ची से रेप के मामले में खुर्शीद आलम नानक आरोपी को 25 वर्ष की सजा सुनाई है। 27 अप्रैल 2025 को जाफराबाद ताडतला मोहल्ले में घर से बाहर खेल रही थी लड़की ।
प्राप्त जानकारी के मुताविक पॉक्सो एक्ट में 25 साल की सजा, चार्ज बनने के 26 दिनों में सुनाई सजा, 6 साल की बच्ची से किया था रेप, BNS का नया कानून बनाने के बाद यूपी में सबसे कम समय में सजा सुनाई अपर सत्र न्यायाधीश उमेश कुमार द्वितीय ने 6 साल की बच्ची से रेप के मामले में 25 साल की सजा सुनाई है. चार्ज बनने के 26 दिनों में कोर्ट ने सजा सुनाई है. कोर्ट ने दोषी करार देते हुए 50 हज़ार रुपये का जुर्माना भी लगाया है. घटना के कुल एक माह दो दिन में पत्रावली पर संज्ञान लेने के 1 महीने में अपर सत्र न्यायाधीश उमेश कुमार द्वितीय ने सुनाया फैसला है.
आप को बता दे कि 27 अप्रैल 2025 को जफराबाद क्षेत्र स्थित शिव मंदिर के बाहर खेल रही छ:वर्षीय मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म की घटना हुई थी. परिजनों ने इसकी शिकायत थाने पर तहरीर दी थी. पुलिस ने इस मामले में खुर्शीद आलम उर्फ मोहम्मद हमजा को हिरासत में लिया था. जफराबाद पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए मात्र 24 घंटे के अंदर ही विवेचना पूरी कर न्यायालय में पेश कर दिया था l
घटना की जानकारी देते हुये बताया अभियोजन पक्ष के वकील राजेश उपाध्याय ने बताया कि 29 अप्रैल को चार्जशीट कोर्ट द्वारा संज्ञान में ली गयी. 3 मई को इस मामले में चार्ज बन गया. चार्ज बनने के 26 दिन के अंदर इस मामले में कोर्ट द्वारा आरोपी को सजा सुनाई गयी है. इसके अलवा कोर्ट ने इस मामले में 50 हज़ार रुपये का जुर्माना लगाया है.थाना जफराबाद पर पंजीकृत मु0अ0सं0-81/2025 धारा-65(2) बीएनएस व 5एम/6 पाक्सो एक्ट के आरोपी अभियुक्त 1.खुर्शीद आलम उर्फ मोहम्मद हमजा पुत्र हमीदउल्ला अंसारी निवासी सैयद अलीपुर थाना जफराबाद जनपद जौनपुर को आरोपित धारा उपरोक्त में 25 वर्ष के कठोर कारावास व मु0 50,000/- रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।@TAFTISHOFCRIME
JAUNPUR NEWS जौनपुर :आजाद से अब तक जो रास्ते कयी कारणों से नहीं बन सके थे उन रास्तों को बनाया गया गांव के प्रायमरी विद्यालय से पूर्व तरफ अहिरखेतार जाने का रास्ता राम उदय के घर से अरुण उपाध्याय के घर तक न बन सका था जिससे स्कूल जाने वाले बच्चों को आजादी से आज तक परेशानियों से होकर गुजरना पड़ता था बरसात के मौसम में पानी से डूबा रहता था पर कयी ग्राम प्रधान हुए लम्बे चौड़े वादे भी किए पर कोई बनाने की हिम्मत न जुटा सके वर्तमान प्रधान पुत्र सुनील यादव द्वारा सभी से वार्तालाप कर दो बड़े पुरवे को मार्ग से जोड़ने का सराहनीय काम किया गया i
अब बच्चे बरसात के मौसम में आसानी से विद्यालय पहुंच जायेंगे बरसात के मौसम में अहिरखेतार पुरवे में पानी को लेकर आए दिन विवाद होता रहता था पानी ढेसूर ताल में निकासी के लिए पक्की नाली का निर्माण कराया महमदपुर जाने के लिए बाईपास कच्चा रास्ता पटाया गया व उसी मार्ग से ढेसूर ताल जाने के लिए रास्ता बनाया गया सारदा सहायक से निकली माइनर पर रास्ता बनाया गया इससे लोगों को आने जाने में सुगमता होगी हरिजन बस्ती में सीसी रोड़ व नाली का निर्माण कराया गया हर घर शौचालय बनवाने के साथ सामुदायिक शौचालय का पंचायत भवन के पास निर्माण कराया गांव ग्राम प्रधान विद्या देवी बताती है हमारे कार्य का सारा श्रेय विडियो गौरवेंद्र सिंह को जाता है उन्हीं के प्रयास से मैं कठिन कामों को पूरा कर सकी
उत्कृष्ट कार्य के लिए समूह की दर्जन भर महिलाओं को प्रशस्ति-पत्र देकर किया गया सम्मानित
खेतासराय (जौनपुर) विकास खण्ड शाहगंज सोंधी के सभागार में गुरुवार को ब्लॉक मिशन प्रबन्धन इकाई शाहगंज सोंधी के तत्वाधान में एक गोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें समूह की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बल दिया गया है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे खण्ड विकास अधिकारी पीयूष त्रिपाठी ने कहा कि शासन की मंशा है महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना तथा रोजगार की मुख्य धारा से जोड़ना है, विकसित देश में महिलाएं आत्मनिर्भर है किसी भी राष्ट्र को विकसित बनाने में मातृ-शक्ति का अहम योगदान होता है। यदि महिलाएं रोजगार से जुड़ी है तो देश की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलाता है। आजीविका मिशन स्व रोजगार का सबसे बड़ा माध्यम है। जिसमे सरकार रोजगार के लिए समूह को ऋण कम ब्याज की दर पर मुहैया करवाती है जिससे रोजगार का सृजन हो सके। जिससे महिलाएं स्व रोजगार करके आत्म निर्भर हो सके।
कार्यक्रम में सबरहद गाँव निवासी रुक्मणि समूह सखी, जैगहाँ निवासी ज्योति ज्वाला, इटौरी गाँव निवासी बैंक सखी रेशम प्रजापति, खेतासराय निवासी बैंक सखी गीता बिंद, आर्यनगर कला गाँव निवासी समूह सखी चित्रकला, ताखा पश्चिम गाँव की समूह सखी सुमन को प्रशस्ति-पत्र देकर प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम का संचालन कमलाकांत मौर्य ने किया। इस अवसर पर एडीओ पंचायत संजय यादव, एडीओ आइएसबी प्रमोद सिंह, नरेंद्र गौतम, ज्योति ज्वाला, विजय कुमार यादव, सचिव विनोद यादव, शेखर यादव समेत आदि लोग उपस्थित रहे। आयोजक ब्लॉक मिशन प्रबन्धक संदीप द्विवेदी ने आगंतुकों के प्रति आभार प्रकट किया।
JAUNPUR परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को किया गया सम्मान
Students who performed excellently in the examinations were honoured ,JAUNPUR
JAUNPUR NEWS जौनपुर :हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को किया गया सम्मान हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभावान छात्र-छात्राओं के सम्मान में कार्यक्रम कलेक्ट्रेट स्थित प्रेक्षागृह में आयोजित किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी डा0 दिनेश चन्द्र के द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। जिलाधिकारी ने सभी मेधावी छात्रों को शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि यह बच्चे आने वाले विकसित भारत के कर्णधार है। कहा कि इन मेधावी छात्रों के माता-पिता ने बड़े ही पुण्य कार्य किए होंगे जो इन्हें आज यह सम्मान प्राप्त हो रहा है। जिलाधिकारी ने कहा कि शिक्षा से कैसे शीर्ष स्थान पर पहुंचा जा सकता है, इसके लिए मुख्य विकास अधिकारी उदाहरण स्वरूप है। शिक्षा के माध्यम से सब कुछ प्राप्त किया जा सकता है। जिलाधिकारी ने कहा कि ज्ञान और हुनर कभी खराब नहीं जाते। शिक्षा और हुनर व्यक्तित्व के विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। बच्चों से कहा कि लक्ष्य बनाकर कार्य करें। इसके साथ ही उन्होंने सभी बच्चों को सुझाव दिया कि अंकों के आधार पर कभी अपने भीतर अहंकार न पाले। भगवान के प्रति हमेशा नतमस्तक रहे।
जिलाधिकारी ने अपने अनुभव को साझा करते हुए कहा कि बदलते परिवेश में चुनौतियां भी बढ़ रही हैं, भारत में सभी परीक्षाओं में बिना प्रवेश परीक्षा के कालेज में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। माननीय मुख्यमंत्री जी के द्वारा नकल विहीन परीक्षा संपन्न कराई जा रही है। उन्होंने सभी बच्चों से कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ स्वास्थ्य पर भी विशेष ध्यान दें क्योंकि स्वस्थ मन में ही स्वस्थ मस्तिष्क का वास होता है। जिलाधिकारी ने बच्चों से कहा कि अपने विषय पर विशेषज्ञता हासिल करें, इसके साथ ही अपने भीतर साहित्यिक अभिरुचि उत्पन्न करें। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी बच्चे अपने भीतर राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना जागृत करें।मुख्य विकास अधिकारी ध्रुव खाडिया ने अपने अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि खुद को इतना मजबूत करें कि विषम परिस्थितियों का सामना करने के लिए हमेशा तैयार रहें। उन्होंने कहा कि बच्चों को देखकर अपना बचपन याद आ रहा है, सभी बच्चों से कहा कि मेहनत करो फल की चिंता मत करो क्योंकि मेहनत कभी बेकार नहीं जाती।