Home Blog Page 174

IPC: INDIAN PENAL CODE क्या है ? 

0
IPC: INDIAN PENAL CODE क्या है ? 
IPC: INDIAN PENAL CODE क्या है ? 

IPC[आईपीसी] का क्या मतलब होता है,What is INDIAN PENAL CODE?

[IPC ] INDIAN PENAL CODE भारतीय दंड संहिता आईपीसी भारत का आपराधिक कानून है (इसमें कुल 511 धाराएं है जिसको 23 अध्याय में बांटा गया है

भारतीय दंड संहिता को संक्षेप में IPC (Indian Penal Code) कहते है,जो भारतीय कानूनी व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। यह एक ऐसी कानूनी धारा है जो अपराधों और उनके लिए दंड का निर्धारण करती है।भारतीय दंड संहिता का उद्देश्य समाज में न्याय, समानता और शांति बनाए रखना है।

आईपीसी कब लागू हुआ था ?

यह संहिता ब्रिटिश शासन के दौरान 1860 में बनाई गई थी, और तब से इसे कई बार संशोधित किया गया है,लेकिन इसका मूल ढांचा आज भी वही है।

भारतीय दंड संहिता के इतिहास की बात करे तो भारतीय दंड संहिता की शुरुआत अंग्रेजी साम्राज्य के दौरान हुई थी। इसका मुख्य रूप से भारतीय न्यायिक प्रणाली को एक सूत्र में बांधने और उसे व्यवस्थित करने के लिए तैयार किया गया था। इसे लार्ड मेकाले (Lord Macaulay) के नेतृत्व में 1830 में तैयार किया गया था और 1860 में इसे कानून के रूप में पारित किया गया। यह संहिता भारतीय समाज की विभिन्न परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई थी।

आईपीसी का नया नाम क्या है? क्या आप जानते है पिछले वर्ष संसद द्वारा पारित होने के बाद से आईपीसी IPC] की जगह भारतीय न्याय संहिता BNS [सीआरपीसी ] CRPC की जगह भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता [BNSS ]और इंडियन एविडेंस एक्ट की जगह भारतीय साक्ष्य अधिनियम [BSS ] को लागू कर दिया  गया है 

भारतीय दंड संहिता का उद्देश्य क्या है?

भारतीय दंड संहिता का उद्देश्य सामाजिक शांति बनाए रखना है भारतीय दंड संहिता का मुख्य उद्देश्य समाज में शांति बनाए रखना है। यह अपराधियों के लिए दंड का निर्धारण करती है ताकि अपराध को बढ़ने से रोका जा सके।

न्यायिक प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करना यह संहिता न्यायिक प्रक्रिया को स्पष्ट और व्यवस्थित करने का कार्य करती है, ताकि अपराधियों को सजा दी जा सके और निर्दोषों को बचाया जा सके।

अपराधों के लिए दंड का निर्धारण: यह कानून यह तय करता है कि किस प्रकार के अपराध के लिए कौन सा दंड दिया जाएगा। दंड का निर्धारण अपराध की गंभीरता और प्रकार के आधार पर किया जाता है।

आईपीसी में कुल कितनी धाराएं है?

[ IPC ] भारतीय दंड संहिता की संरचना की बात करे तो भारतीय दंड संहिता कुल 511 धाराओं में विभाजित है और यह कई प्रमुख भागों में बांटी गई है:

1. आधिकारिक सिद्धांत (General Principles) इसमें अपराध की परिभाषा,दंड के उद्देश्य और अपराधों के वर्गीकरण के बारे में बताया गया है।

2. अपराधों का वर्गीकरण भारतीय दंड संहिता में अपराधों को विभिन्न श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जैसे:
   – संभाषण अपराध (Cognizable Offenses) इनमें पुलिस को तुरंत गिरफ्तारी करने की शक्ति होती है।
   – असंभाषण अपराध (Non-Cognizable Offenses) इन अपराधों के लिए पुलिस को पहले अदालत से अनुमति प्राप्त करनी होती है।

3. विशेष अपराध: इसमें उन अपराधों का वर्णन किया गया है जो विशेष रूप से भारतीय समाज में अत्यधिक गंभीर माने जाते हैं, जैसे हत्या (Section 302), बलात्कार (Section 376),चोरी (Section 378) आदि।

4. दंड और सजा भारतीय दंड संहिता में प्रत्येक अपराध के लिए दंड का प्रावधान है। सजा के रूप में जुर्माना, कारावास, और मृत्यु दंड तक की सजा का प्रावधान है।

5. न्यायिक प्रक्रिया इसमें अदालतों का काम,अपराधियों की जांच और अभियोजन की प्रक्रिया का उल्लेख किया गया है।

 भारतीय दंड संहिता के प्रमुख अपराध  

1. हत्या (Section 302) यदि कोई व्यक्ति दूसरे व्यक्ति की जान लेता है, तो इसे हत्या माना जाता है। यह भारतीय दंड संहिता का सबसे गंभीर अपराध है, जिसके लिए मृत्यु दंड या उम्रभर की सजा का प्रावधान है।

2. बलात्कार (Section 376) बलात्कार एक गंभीर अपराध है, जिसमें किसी महिला के साथ अनैतिक शारीरिक संबंध बनाए जाते हैं। यह अपराध महिला के सम्मान और अधिकारों का उल्लंघन है।

3. चोरी (Section 378) जब कोई व्यक्ति दूसरे की संपत्ति को चोरी करके अपने पास रखता है,तो यह चोरी का अपराध माना जाता है। इसमें सजा के रूप में कारावास और जुर्माना लगाया जा सकता है।

4. दंगे और हिंसा (Section 147, 148) यदि कोई समूह किसी प्रकार की हिंसा या दंगे करता है, तो यह अपराध की श्रेणी में आता है।

5. धोखाधड़ी (Section 420) यह अपराध तब होता है जब कोई व्यक्ति किसी अन्य व्यक्ति को धोखा देकर उसकी संपत्ति या धन हड़पता है।

 भारतीय दंड संहिता के अंतर्गत मिलने वाले दंड ?

भारतीय दंड संहिता में विभिन्न अपराधों के लिए अलग-अलग दंड निर्धारित किए गए हैं। जो इनमें शामिल हैं:

– मृत्यु दंड कुछ गंभीर अपराधों जैसे हत्या के लिए मृत्यु दंड की सजा दी जा सकती है।
– आजीवन कारावास यह सजा गंभीर अपराधों के लिए दी जाती है, जिसमें अपराधी को उम्रभर जेल में रहना पड़ता है।
– कारावास (साधारण या कठोर) अपराधी को कुछ वर्षों के लिए जेल में रखा जाता है।
– जुर्माना कई मामूली अपराधों के लिए जुर्माने की सजा दी जा सकती है।
– संपत्ति की जब्ती किसी भी अपराधी की अवैध संपत्ति को जब्त किया जा सकता है।

– समाज में बदलाव के साथ संहिता का अनुप्रयोग समाज में तेजी से बदलाव हो रहा है, जिससे कुछ पुराने अपराध और उनके दंड अब अप्रासंगिक हो सकते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए समय-समय पर संहिता में संशोधन की आवश्यकता होती है।

– लिंग आधारित अपराध महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों को ध्यान में रखते हुए इस संहिता में और सुधार की आवश्यकता है,ताकि महिलाओं को अधिक सुरक्षा प्रदान की जा सके।

– प्रवर्तन में चुनौतियाँ कानून की संपूर्णता के बावजूद अपराधियों को सजा दिलवाने में कई बार न्यायिक प्रक्रिया में देरी होती है,जो इसे और भी चुनौतीपूर्ण बना देती है।भारतीय दंड संहिता (IPC) एक महत्वपूर्ण कानूनी दस्तावेज है,जो भारतीय समाज में अपराध और दंड के मध्य संतुलन बनाए रखने में मदद करता है। इसका उद्देश्य समाज में न्याय,शांति और समानता सुनिश्चित करना है। 

JAUNPUR:पॉक्सो एक्ट में अभियुक्त को 3 वर्ष का कारावास 5000 जुर्माना

0
JAUNPURपॉक्सो एक्ट में अभियुक्त को 3 वर्ष का कारावास 5000 जुर्माना
JAUNPUR:पॉक्सो एक्ट में अभियुक्त को 3 वर्ष का कारावास 5000 जुर्माना

JAUNPUR NEWS : जौनपुर; विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अनन्य न्यायालय द्वारा पॉक्सो एक्ट के मामले में विशेष सत्र परीक्षण स्टेट बनाम मुन्ना यादव में अभियुक्त मुन्ना यादव को धारा 363 में 3 वर्ष का कठोर कारावास व ₹5000 जुर्माना वह धारा 366 में  5 वर्ष की कठोर सजा और 10000 जुर्माना तथा धारा 506 में 2 वर्ष का कठोर कारावास और ₹3000 जुर्माना तथा 5/6 पॉक्सो अधिनियम सपठित धारा 376 आईपीसी मैं 20 वर्ष का कठोर कारावास व ₹50000 जुर्माना से दंडित किया गया मामले की  पैरवी भी विशेष लोक  अभियोजक वेद प्रकाश तिवारी व विशेष लोक अभियोजक रमेश चंद्र पाल ने किया l 

शाहगंज के बीडीओ को किसान यूनियन ने सौंपा  सात सूत्रीय मांग-पत्र

0
शाहगंज के बीडीओ को किसान यूनियन ने सौंपा  सात सूत्रीय मांग-पत्र
शाहगंज के बीडीओ को किसान यूनियन ने सौंपा  सात सूत्रीय मांग-पत्र

किसान यूनियन सात सूत्रीय मांग-पत्र बीडीओ सोंधी को सौंपा

खेतासराय (जौनपुर) विकासखण्ड शाहगंज सोंधी क्षेत्र के विभिन्न गाँव के किसानों ने गुरुवार को अपनी समस्याओं को लेकर सात सूत्रीय-पत्र को खण्ड विकास अधिकारी सौंपकर अपनी समस्याओं की तरफ ध्यान आकृष्ट कराया। भारतीय किसान यूनियन जौनपुर के बैनर तले ब्लॉक इकाई के अध्यक्ष रामधारी बिन्द के नेतृत्व में गुरुवार की सुबह आस-पास क्षेत्र के किसान एकत्र होने हो गए। जहाँ एकत्रित सभी किसान अपनी विभिन्न समस्याओं से सम्बंधित सात-सूत्रीय मांग-पत्र को खण्ड विकास अधिकारी शाहगंज सोंधी जितेंद्र प्रताप सिंह को सौंपा।

इस दौरान किसानों ने मांग किया है कि रबी फसल की बुआई के लिए 24 घण्टे बिजली मिलें, उजाला महिला स्वयं सहायता समूह की मजदूरी समय से मिलें, उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन दिया जाएं, शाहापुर बड़ा तालाब से बेसो नदी तक नाले की सफाई हो, शाहापुर में शौचालय का निर्माण हो समेत कुल सात मांग करते हुए मांग-पत्र को बीडीओ को सौंपा है। इस दौरान मुख्य रूप से चंद्रभान, सन्तोष, इन्द्रराज,गणेश, रामअचल,शिवमूर्ति, उर्मिला, अशोक बिन्द समेत आदि लोग मौजूद रहे।

 बसंती देवी आई टी आई में रोजगार मेला कल 

0
 बसंती देवी आई टी आई में रोजगार मेला कल 
 बसंती देवी आई टी आई में रोजगार मेला कल 

आई टी आई के छात्रों के  लिए  शाहगंज के  बसंती देवी आई टी आई रोजगार मेला शुक्रवार को

जौनपुर : जिला अंतर्गत शाहगंज क्षेत्र के कौड़ियां स्थित बसंती देवी आई टी आई  में धुत कंपनी द्वारा रोजगार मेले का आयोजन किए गया है इस संबंध में बसंती देवी आई. टी.आई. के निदेशक दिवाकर मिश्रा ने बताया कि इस रोजगार मेला में  आई टी आई पास के साथ ही आई टी आई कर रहे छात्र भी ऑन जॉब ट्रेनिंग के अंतर्गत भाग ले सकते हैं । सुबह 10 से रोजगार मेला प्रारंभ हो जाएगा, जिसका पात्र छात्र लाभ उठा सकते है।

  • रिपोर्ट – मोहम्मद कासिम 

JAUNPUR NEWS: 5 टन प्रतिदिन,39 तरह के मसाले,इनकम करोड़ों में  

0
JAUNPUR NEWS: 5 टन प्रतिदिन,39 तरह के मसाले,इनकम करोड़ों में  
JAUNPUR NEWS

JAUNPUR NEWS जौनपुर 09 जनवरी :जिला उद्यान अधिकारी ने अवगत कराया है कि अपर मुख्य सचिव द्वारा गठित कमेटी जिसमे सदस्य डॉ0 सर्वेश कुमार संयुक्त निदेशक (उद्यान) लखनऊ, पवन कुमार, प्रधानाचार्य राजकीय खाद्य विज्ञान प्रशिक्षण केन्द्र, वाराणसी, कन्सल्टेन्ट, डा0 आमीन कन्ट्रोलर्स प्रा0लि0,नोयडा समिति द्वारा प्रदत्त निर्देश के अनुपालन में जिला उद्यान अधिकारी डा0 सीमा सिंह राणा के साथ मेसर्स एच0वी0आर0 एग्रों फूड प्रा0लि0 सतहरिया जौनपुर के अनुदान की द्वितीय किश्त अवमुक्त किये जाने से पूर्व मशाला उद्योग का स्थलीय निरीक्षण किया गया।


निरीक्षण के समय कम्पनी मालिक द्वारा अवगत कराया गया कि मशाला उद्योग स्थापित करने में कुल लागत 11.00 करोड आयी है, जिसके लिए उद्योग नीति 2023 के तहत रजिस्ट्रेशन कराया गया। जिसमें 35 प्रतिशत अनुदान की धनराशि अनुमन्य है,के सापेक्ष प्रथम किस्त प्राप्त हो चुका है,रविन्द्रनाथ सिंह ने बताया कम्पनी द्वारा 05 टन प्रतिदिन विभिन्न प्रकार के करीब 39 तरह के मसाले तैयार किये जा रहे है। साल के इनकम की बात करे तो करोड़ रूपये है  यूनिट वर्तमान में संचालित एवं सभी मशीने क्रियाशील पायी गयी। जून से यह मशाला उद्योग संचालित है। मशाला उत्पादन किया जा रहा है, वर्तमान में कम्पनी में 27 कार्मिक कार्य करते है। इस दौरान कम्पनी के ओनर रविन्द्रनाथ सिंह, जनरल मैनेजर उपेन्द्र सिंह व सन्तोष दुबे मौके पर उपस्थित रहे।

JAUNPUR: पंडित निधि नारायण पांडेय की स्मृति में वितरण किया गया कंबल

0

JAUNPUR: पंडित निधि नारायण पांडेय की स्मृति में वितरित किया गया कंबल

 Blanket distributed in memory of Pandit Nidhi Narayan Pandey in jaunpur

जौनपुर। जरूरतमंदों को वितरित किया गर्म वस्त्र
नगर क्षेत्र के हल्दीपुर गांव में बुधवार को पंडित निधि नारायण पांडेय की स्मृति में समाजसेवी अमरावती ग्रुप के डायरेक्टर रवि पांडेय व रजनीकांत मिश्र के द्वारा सात सौ गर्म वस्त्र का वितरित किया गया ,तसत्पश्चात पत्रकारों को अंग वस्त्रम देकर सम्मानित किया गया।


जरूरतमंदों को सात सौ कंबल का वितरण किया। अमरावती ग्रुप के डायरेक्टर रवि पांडे ने बताया कि उनके पिता पंडित निधि नारायण पांडेय की स्मृति में जरुरतमंदों के बीच कंबल का वितरण किया गया।। वह प्रत्येक वर्ष पिता के पुण्यतिथि पर जरुरतमंदों के बीच कंबल व गर्म वस्रों का वितरण करते आ रहे हैं। मौके पर पूर्व प्रधान राम प्रकाश पांडेय, पूर्व मंत्री कुंवर वीरेंद्र सिंह , नगर पालिका अध्यक्ष मनोरमा मौर्य, अमरीश पांडे, राहुल पांडे,वीरेंद्र पांडेय समेत तमाम पत्रकार उपस्थित रहे।

JAUNPUR NEWS : गोमती नदी पर बना पीपा पुल 28 फरवरी तक बंद रहेगा   

0
JAUNPUR NEWS : गोमती नदी पर बना पीपा पुल 28 फरवरी तक बंद रहेगा   
JAUNPUR NEWS : गोमती नदी पर बना पीपा पुल 28 फरवरी तक बंद रहेगा   

Pipa bridge on Gomti river will remain closed till 28 February in jaunpur

JAUNPUR NEWS जौनपुर 08 जनवरी :कलेक्ट्रेट सभागार में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी द्वारा सख्त निर्देश दिए गए कि कुंभ मेला 2025 के दृष्टिगत क्षतिग्रस्त मार्ग तत्काल ठीक कर ली जाए, प्रत्येक मार्ग पर साइनेज बोर्ड, डिवाइडर पेंटिंग कैटआई और रेडियम रिफ्लेक्टर लगाए जाए। प्रत्येक टोल प्लाजा पर शौचालय की साफ सफाई कराने, अलाव लगाने के निर्देश दिए।

JAUNPUR NEWS : गोमती नदी पर बना पीपा पुल 28 फरवरी तक बंद रहेगा   

  फोटो – सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में अधिकारियों को निर्देश देते डीएम डॉ0 दिनेश चंद्र :  

जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र ने एक्सईएन पीडब्ल्यूडी से सड़कों पर साइनेज बोर्ड लगाने के संबंध में जानकारी ली और निर्देशित किया कि जल्द से जल्द साइनेज बोर्ड लग जाए और जो भी सड़के ब्लैक टॉप होनी है उन्हें शीघ्र ही ब्लैक टॉप कर ली जाए। अगर सड़क दुर्घटना हुई तो संबंधित की जिम्मेदारी तय की जाएगी। एक्सईएन निर्माण खंड के प्रति नाराजगी व्यक्त करते हुए 2 दिन के भीतर निर्धारित स्थलों पर साइनेज बोर्ड लगवाने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि अनियमित रूप से बने कट बंद कर दिए जाए और इसके संबंध में प्रमाण पत्र भी 15 जनवरी तक उपलब्ध कराए जाए। उन्होंने कहा कि ब्रेकर को तोड़ने वालों के ऊपर मुकदमा दर्ज कराया जाए। सड़कों पर सफेद पट्टी लगाने के निर्देश दिए। अनफिट बसे किसी भी दशा में संचालित ना हो। रिफ्लेक्टर सभी गाड़ी में लग जाए। जिन सड़कों पर अवरोध है उनपर अभियान चलाकर खाली कराए। 

 इस दौरान जिलाधिकारी ने चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स के संदर्भ में जानकारी लेते हुए साइनेज बोर्ड लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान बैठक में अधिशासी अभियंता प्रांतीय खंड लो0 नि0 द्वारा अवगत कराया गया कि महाकुंभ के दृष्टिगत पीपा पुल जनपद जौनपुर में अचला देवी घाट एवं मियांपुर के बीच संपर्क मार्ग के आगे गोमती नदी पर तथा मुबारकपुर से खानपुर संपर्क मार्ग के आगे गोमती नदी के बलुआ घाट पर पांटून सेतु की सामग्री जनपद प्रयागराज भेजा गया है, जिससे 6 जनवरी 2025 से 28 फरवरी 2025 तक पीपा पुल बंद रहेगा इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक, परियोजना निदेशक, अधिशासी अभियंता, एआरटीओ, यातायात निरीक्षक,एसीएमओ सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारीगण उपस्थित रहे।

JAUNPUR NEWS NEWS NO-2 प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना अंतर्गत उद्यम एवं निजी फर्म की श्रेणी में आवेदित आवेदकों के सत्यापन हेतु, योजना अंतर्गत बैक आउट हुए लाभार्थियों के सापेक्ष प्रतीक्षारत सूची से आवेदकों के चयन हेतु मत्स्य विभाग की जिला स्तरीय समिति की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई।

जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि उद्यमी एवं निधि फर्म की श्रेणी में जिनका आवेदन भूलवश हुआ है, उन्हें मत्स्य पालक स्वीकार करते हुए योजना में शामिल किया जाए, साथ ही साथ बैक आउट हुए लाभार्थियों के सापेक्ष प्रतीक्षारत सूची से चयन किया जाए। 

यह भी पढ़े :jauNpur News:अलाव के नाम पर खानापूर्ती

jauNpur: फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों की ठगी के आरोप में मैनेजर गिरफ्तार

         

JAUNPUR: जलसे में हिफ़्ज़ के 22 छात्रों की हुई दस्तार बन्दी

0
JAUNPUR जलसे में हिफ़्ज़ के 22 छात्रों की हुई दस्तार बन्दी
JAUNPUR: जलसे में हिफ़्ज़ के 22 छात्रों की हुई दस्तार बन्दी

आधुनिक शिक्षा के साथ दीनी तालीम लेना जरूरी:- मौलाना वसीम शेरवानी

JAUNPUR NEWS खेतासराय (जौनपुर) एदारा उलूम इस्लामिया के मस्ज़िद कुवतुल इस्लाम आज़ाद पर बुधवार को एक भव्य जलसे का आयोजन किया गया। जिसमें हाफिज की पढ़ाई पूरी कर चुके 22 छात्रों की दस्तारबंदी की गई। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्र व समाज के गणमान्य सदस्य और परिजन मौजूद रहे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौलाना वसीम शेरवानी उपस्थित रहे। जलसे की शुरुआत कुरान-ए-पाक की तिलावत से हुई, इसके पश्चात अतिथि के रूप में उपस्थित हुए मौलाना वसीम शेरवानी ने जलसे को सम्बोधित करते हुए कहा कि मॉडर्न शिक्षा के साथ-साथ धार्मिक इल्म भी सीखना चाहिए। इससे बच्चा जब दुनिया के किसी विभाग में काम के लिए जाएगा तो न्याय करेगा न कि रिश्वत लेगा और भ्रष्टाचार करेगा। इल्मदीन पर जोर देते हुए कहा कि एक हाथ मे साइंस तो दूसरे हाथ में कुरान होना चाहिए। जिससे सही मार्ग पर चलते हुए देश तरक्की में अहम योगदान देगा जिसे देश और प्रदेश विकास की तरफ अग्रसर हो सके। उन्होंने दस्तारबंदी की अहमियत पर प्रकाश डालते हुए कहा कि दस्तारबंदी न केवल धार्मिक शिक्षा पूर्ण होने का प्रतीक है, बल्कि यह बच्चों को सही मार्ग पर चलने और समाज मे सकारात्मक योगदान देने की प्रेरणा भी देती है।

इस दौरान लगभग दो दर्जन बच्चों को पगड़ी बाँध कर सम्मानित किया गया, जो उनके धार्मिक सफर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव को दर्शाती है। वही जलसे में मदसरा के सेक्रेटरी मिर्ज़ा अजफर बेग ने जलसे को सम्बोधित करते हुए कहा कि दस्तारबंदी बच्चों की मेहनत, उनके परिवार की दुआओं और समुदाय के सहयोग का परिणाम है। यह उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रोत्साहित करता है। कार्यक्रम के अंत में देश-दुनिया में अमन, चैन और शांति के लिए दुआएं की गई। इस अवसर पर मुख्य रूप से अब्दुल मुनीम खां,हाफ़िज अबू सहमा,डॉ0 अलाउद्दीन खान, एजाज़ अहमद, डॉ. अबू उमर, अल्तमश बरलास, हाफिज जफर, डॉ. शादाब, प्रधनाचार्य नौशाद अहमद, मौलाना फरीद,आरिफ व अरशद मौजूद रहे।

यह भी पढ़े : jauNpur: फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों की ठगी के आरोप में मैनेजर गिरफ्तार

यह भी पढ़े : मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस

मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस

0
मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस
मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस

मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में पत्रकारों ने किया प्रदर्शन

JAUNPUR NEWS :जनपद जौनपुर में बुधवार को सैकड़ों पत्रकारों ने छत्तीसगढ़ के बीजापुर में पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की जघन्य हत्या के विरोध में एकजुट होकरकलेक्ट्रेट परिसर में मौन जुलूस निकाला। पत्रकार कल्याण समिति ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा पत्रकारों ने इस हत्या के बाद सीबीआई जांच की मांग करते हुये राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा और पत्रकार सुरक्षा कानून बनाने की जरूरत पर भी जोर दिया।


जिले के कलेक्ट्रेट परिसर में बुधवार को पत्रकार कल्याण समिति के बैनर तले सैकड़ों पत्रकारों ने छत्तीसगढ़ राज्य के बीजापुर जिले में पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की जघन्य हत्या के विरोध में मौन जुलूस निकाला। जुलूस के बाद पत्रकारों ने राष्ट्रपति के नाम सम्बोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी डा.दिनेश चन्द्र को सौंपा। ज्ञापन में पत्रकार मुकेश चन्द्राकर के हत्यारों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की गयी।


इस अवसर पर राजेश श्रीवास्तव,शशिराज सिन्हा,अजय शुक्ला, शिविन्द्र प्रताप सिंह,नीरज सिंह,संतोष राय,रविन्द्र मिश्र, बृजेश मिश्र,जुबेरअहमद,मो.अब्बास,आदित्य भारद्वाज,वरूण यादव,अंकित श्रीवास्तव,संजय विश्वकर्मा,अभिषेक शुक्ल, विनोद विश्वकर्मा, नितिश कुमार, स्वदेश कुमार,वत्सल गुप्ता, विरेन्द्र पाण्डेय,सुशील स्वामी,काजू सिंह,अतुल तिवारी,प्रो.आशाराम यादव,अमित मिश्रा, इम्तियाज अहमद,जेड हुसैन सहित तमाम सम्पादक,पत्रकार, छायाकार आदि प्रमुख रहे।

मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस
मुकेश चन्द्राकर की हत्या के विरोध में जौनपुर के पत्रकारों ने निकाला जुलूस


पत्रकार मुकेश चन्द्राकर की हत्या में पत्रकारों ने दिखाया एकजुटताऔर विरोध :


इस मौके पर जौनपुर जिले के पत्रकारों ने एकजुट होकर छत्तीसगढ़ के पत्रकार की हत्या के विरोध में अपनी आवाज बुलन्द की। ज्ञापन के माध्यम से पत्रकारों ने हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच कराने की मांग किया। साथ ही मृतक पत्रकार के परिजनों को 1 करोड़ रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की बात की। इसके अलावा मृतक पत्रकार के परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की भी मांग की गयी। ज्ञापन के बाद सभी पत्रकारों ने पत्रकार भवन में श्रद्धांजलि सभा आयोजित करके पुष्पांजलि अर्पित किया।

 पत्रकारों की सुरक्षा पर पर दिया गया जोर :


इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार राजकुमार सिंह ने देश में पत्रकारों के साथ हो रही घटनाओं का जिक्र करते हुये पत्रकार सुरक्षा कानून बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने जौनपुर में हुये पत्रकार आशुतोष श्रीवास्तव हत्याकाण्ड की याद भी दिलाई जिसमें जिला प्रशासन की लापरवाही के चलते पत्रकार की जान चली गयी। ग्रामीण पत्रकार संघ के अध्यक्ष संजय आस्थना सहित अन्य पत्रकारों ने कहा कि अगर पत्रकार असुरक्षित होंगे तो देश में लोकतंत्र खतरे में पड़ जाएगा। सभी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में पत्रकार मुकेश चन्द्राकर को सड़क निर्माण में हो रहे भ्रष्टाचार का खुलासा करने के कारण अपनी जान गंवानी पड़ी।

मुकेश चन्द्राकर पत्रकार के परिजनों को न्याय की मांग :


ज्ञापन में मुकेश चन्द्राकर के परिजनों को 1 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने, हत्याकाण्ड की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने और इस मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग की गयी है। वरिष्ठ पत्रकार कमर हसनैन दीपू ने कहा कि जब पूरा देश नया साल मना रहा था तो हम सब पत्रकार साथी मुकेश चन्द्राकर की हत्या पर शोक में डूबे हुये थे। उन्होंने इस मामले की जल्द जांच के साथ न्याय मिलने की आवश्यकता पर बल दिया।

जिले के कई वरिष्ठ पत्रकारों ने व्यक्त की चिन्ता :


इस मौके पर कई वरिष्ठ पत्रकारों ने अपने विचार व्यक्त किये और पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर चिंता जाहिर किया। इनमें राजकुमार सिंह, कमर हसनैन दीपू, दीपक श्रीवास्तव, रामजी जायसवाल, मंगला प्रसाद तिवारी, अजीत सिंह, बृजेश मिश्रा, हिम्मत बहादुर सिंह, शशि मौर्या, शशिराज सिन्हा, दीपक मिश्रा, रविन्द्र मिश्रा, राजेश मिश्रा, विनय शुक्ल, अरविन्द पटेल, जावेद अहमद, काजू सिंह, देवेन्द्र खरे, बृजेश विश्वकर्मा आदि प्रमुख थे।

  पत्रकार मुकेश चन्द्राकर को पत्रकार भवन में की गयी श्रद्धांजलि :


जिला प्रशासन को ज्ञापन देने के बाद सभी पत्रकार कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित पत्रकार भवन में श्रद्धांजलि सभा किया। इस मौके पर उपस्थित सभी लोगों ने नम आंखों से मुकेश जी को याद किया। साथ ही श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुये छत्तीसगढ़ एवं भारत सरकार से मांग किया कि हत्यारों को फांसी देने की पहल करें और मृतक के परिजन को 1 करोड़ का मुआवजा देते हुये परिवार के किसी एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाय।

मुकेश चन्द्राकर की हत्या पर पूर्व सांसद श्याम सिंह यादव ने जताया शोक :


वहीं जानकारी होने पर कलेक्ट्रेट पहुंचे पूर्व सांसद श्याम सिंह यादव, सपा नेता राहुल त्रिपाठी सहित तमाम राजनीतिज्ञों ने मृतक के आत्मा की शान्ति के लिये ईश्वर से प्रार्थना किया। साथ ही हत्यारों को फांसी देने के लिये सरकार से मांग भी किया।

यह भी पढ़े : jauNpur: फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों की ठगी के आरोप में मैनेजर गिरफ्तार

यह भी पढ़े : jauNpur News:अलाव के नाम पर खानापूर्ती

यह भी पढ़े : JAUNPUR NEWS : खेल अनुशासन सिखाता है, अजय सिंह

यह भी पढ़े :JAUNPUR:इंजीनियर दंपति का बेंगलुरु के मकान में,बच्चो के साथ मिला शव

JAUNPUR NEWS:माँ-बाप के इंतजार में बैठी बेटी,नहीं जले घर के चूल्हे

0
JAUNPUR NEWS:माँ-बाप के इंतजार में बैठी बेटी,
JAUNPUR NEWS:माँ-बाप के इंतजार में बैठी बेटी,नहीं जले घर के चूल्हे

JAUNPUR NEWS: खुटहन थाना क्षेत्र के मलूकपुर गांव के रहने वाले  दंपति की मौत के सदमे के चलते  उनके घर चौथे दिन भी चूल्हे नहीं जले। उनकी छह बेटियां व परिवार के अन्य सदस्यों के रोने बिलखने से गांव में मातम पसरा हुआ है। स्वजनों को ढांढस बंधाने के लिए घर आने वाले शुभचिंतक भी मासूम बेटियों की दशा देख खुद के आंसू नहीं रोक पा रहे हैं।

गौर तलब हो कि पांच जनवरी को रामचरित्तर गौतम अपनी  वर्षीया पत्नी किस्मती देवी के साथ रविवार को घर से चार सौ मीटर दूर खेत में सिंचाई करने गए थे। जहां से दंपति गायब हो गये। घटना की छानबीन पुलिस कर रही थी। तभी उन्हें जानकारी हुई कि बगल गांव अकबर पुर निवासी पूर्व प्रधान कमलेश सिंह व उनके भाइयों का दंपत्ति जिस खेत कि सिंचाई कर रहे थे उसी से सटा उक्त आरोपितों का भी खेत हैं। छुट्टा जानवरों से फसल की  सुरक्षा के लिए  नंगे तार का खेरा बनाया गया था जिसमे  विद्युत करंट प्रवाहित था। जानकारी होते ही पुलिस सक्रिय हो कर उनकी  तलाश शुरू कर दिया। मंगलवार को आरोपित पूर्व प्रधान कमलेश को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया आरोपित ने स्वीकार किया कि रविवार की सुबह तार प्रवाहित करंट से दंपति की  मौत हुई थी l 

मृत दंपति को छह पुत्रियां हैं। जिसमें चार की शादी हो चुकी है। बड़ी बेटी सरिता, शशिकला,कविता और रिंका विवाहित हैं। वे अपनी ससुराल रहती है। पांचवीं संध्या 14 वर्ष तथा साक्षी 11 वर्ष अविवाहित हैं। जो घर मां बाप के साथ रहती थीं। माता पिता की एक साथ मौत से दोनों नाबालिग पुत्रियां बेसहारा हो गई। उनकी माली हालत भी बहुत लचर है। उसके पास खेती के नाम पर पांच बिस्वा जमीन व रहने के लिए दो कमरे का खपरैल का कच्चा मकान है। उसे सरकारी आवास भी नहीं मिला है। दंपति की एक साथ मौत से स्वजनो पर विपत्ति का पहाड़ टूट पड़ा। माँ -बाप के इंतजार में बैठी सरिता चौथे दिन भी नहीं जले घर के चूल्हे दोनों नाबालिगों के सामने दो जून की रोटी के साथ साथ वह किसके सहारे जीवन गुजारेगी। यह बड़ी समस्या आ गई है।

यह भी पढ़े : JAUNPUR NEWS:लापता दंपति की पुलिस को तलाश 

jauNpur: फर्जी कंपनी बनाकर करोड़ों की ठगी के आरोप में मैनेजर गिरफ्तार

 यह भी पढ़े : पति पत्नी की डेड बॉडी प्रधान ने 65 घंटे पहले 

 यह भी पढ़े : JAUNPUR:इंजीनियर दंपति का बेंगलुरु के मकान में,बच्चो के साथ मिला शव