Himanshu increased the honor of his family by passing the NET JRF exam jaunpur news
JAUNPUR NEWS जौनपुर। कादीपुर पौना निवासी हिमांशु यादव ने नेट जे.आर.एफ. परीक्षा उत्तीर्ण करके परिवार सहित पूरे क्षेत्र का नाम रोशन कर दिया। इसकी जानकारी होने पर जहां परिवार में खुशी की लहर दौड़ गयी, वहीं उनके शुभचिन्तकों, रिश्तेदारों, परिचितों द्वारा लगातार बधाई दी जा रही है। बता दें कि हिमांशु उक्त गांव निवासी अजय यादव के होनहार पुत्र हैं।
स्थानीय विकास खण्ड के नेट जेआरएफ परीक्षा में 99.4% अंक प्राप्त किया है। वहीं जानकारी होने पर अखिल भारतीय यादव महासंघ के राष्ट्रीय महासचिव दिनेश यादव फौजी, जिला पंचायत सदस्य जनता यादव, समाजसेवी राकेश यादव सहित तमाम लोगों ने हिमांशु को बधाई देते हुये उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना किया। वहीं इस बाबत पूछे जाने पर हिमांशु ने अपनी इस सफलता का सारा श्रेय अपने गुरूजनों, माता, पिता एवं शुभचिन्तकों को दिया है।
कांवरियों सहित क्षेत्रीय लोगों ने किया प्रसाद ग्रहण
भव्य भंडारे का आयोजन: कांवरियों सहित क्षेत्रीय लोगों ने किया प्रसाद ग्रहण
15 वर्षों से चल रही सेवा, श्रद्धालुओं के लिए की गई विशेष व्यवस्था
खेतासराय (जौनपुर) स्थानीय थाना क्षेत्र के मनेछा ग्राम सभा स्थित प्राचीन शिव-बजरंग मंदिर, बादशाही तालाब पर छोटे लाल गुप्ता के सौजन्य से भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कांवरियों व क्षेत्रीय श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी कांवरियों के लिए रुकने और भोजन-प्रसाद की समुचित व्यवस्था की गई थी। आयोजन में लगभग दो हजार लोगों ने भोजन-प्रसाद का आनंद लिया। छोटे लाल गुप्ता ने बताया कि यह सेवा लगभग 15 वर्षों से निरंतर जारी है और आगे भी यह सेवा भाव पूर्वक चलती रहेगी। इस अवसर पर मोहित बिंद, महेंद्र बिंद, बृजेश बिंद, शनि विश्वकर्मा, गोविंदा यादव, दुर्गेश बरनवाल, प्रदीप गुप्ता, रिंकू बनवासी, सुभाष बिंद, भोनाई साधु, रवि बिंद, प्रेमचंद गुप्ता सहित अनेक लोगों ने विशेष सहयोग प्रदान किया।
jaunpur newws :मेंहदी,झूले और कजरी अब यादों की बात
डिजिटल दौर में सावन सूना हो गया: मेंहदी, झूले और कजरी अब यादों की बात
खेतासराय (जौनपुर): बारह महीनों के चक्र में सावन वह महीना है, जो न केवल प्राकृतिक हरियाली लेकर आता है, बल्कि इसमें धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराएं, और सामूहिक उल्लास का अनोखा संगम देखने को मिलता था। यह महीना शिव भक्ति, मेंहदी, कजरी, झूला, और हरियाली तीज के माध्यम से ग्रामीण जीवन की जीवंतता को प्रकट करता था। लेकिन डिजिटल युग की चकाचौंध में अब यह सब स्मृतियों में सिमट कर रह गया है।
सावन की पवित्रता और आस्था
हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, सावन मास भगवान शंकर को समर्पित होता है। इस दौरान सोमवार व्रत, जलाभिषेक, और श्रृंगार की विशेष परंपरा होती है। विवाहित महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र की कामना करती हैं तो अविवाहित युवतियां मनचाहा वर पाने की मन्नतें करती हैं। पारंपरिक रूप से हाथों में मेंहदी रचाना, रंगीन चूड़ियों और हरी साड़ी में सजना इस मौसम का अभिन्न हिस्सा रहा है।
सावन और लोकजीवन
सावन के साथ झूला झूलने, कजरी गायन, और सखियों के संग उत्सव मनाने की परंपरा गांव-गांव में जीवंत हुआ करती थी। पेड़ों की डालियों पर झूलते झूले और उसमें झूमती महिलाएं, बालिकाएं सावन के उल्लास का प्रतीक होती थीं। गांव की पगडंडियों से लेकर खेत-खलिहानों तक गीतों की गूंज, कोयल की कूक, और मोर के नृत्य सावन की पहचान थे।
बॉलीवुड ने भी इस संस्कृति को जमकर अपनाया। सन् 1975 में आई फिल्म चुपके-चुपके का गाना अब के बरस सावन में हो या 1967 की बहू बेगम का झूले वाला गीत, ये गाने आज भी पुराने सावन की याद ताजा कर देते हैं।
परंपराएं बनती जा रही हैं इतिहास
बदलते दौर ने सावन के रंग को फीका कर दिया है। न अब वह हरियाली बची है, न ही वह मौसमी उल्लास। गांवों में न तो अब पेड़ों पर झूले दिखाई देते हैं, न ही गली-मोहल्लों में सावनी गीत सुनाई देते हैं। बच्चों के लिए अब झूले नहीं, वीडियो गेम अधिक प्रिय हैं। महिलाएं अब टीवी सीरियल और मोबाइल फोन में खोई रहती हैं।
खुदौली गांव के बुजुर्ग ताराराम निषाद बताते हैं कि पहले सावन आते ही बांस काटकर झूले बनाए जाते थे, पटरे तैयार किए जाते थे, और डालियों पर टायर से उन्हें बांधा जाता था। महिलाएं झूला झूलते हुए कजरी गातीं, और उन पलों को जीवन भर याद रखती थीं।
84 वर्षीय सुमित्रा देवी कहती हैं, अब वह पेड़ कहां हैं? वह लोग कहां हैं? सावन में रोपाई के समय महिलाएं गीत गाकर थकान भुला देती थीं, लेकिन अब वह परंपरा भी लुप्त होती जा रही है।
प्रकृति से कटाव और परंपराओं का क्षरण
वैश्वीकरण और निर्माण की गति ने गांवों के पेड़ों, बाग-बगिचों, और खुली जगहों को निगल लिया है। बांस, पेड़ और संसाधन न मिलने के कारण झूला डालना अब असंभव हो गया है। कुछ परिवार रेडीमेड झूला खरीद कर घरों में संतोष कर लेते हैं, परंतु उसमें न वह सामाजिक मेलजोल है, न वह लोक-रस। इसके साथ ही, रील्स और सोशल मीडिया की दुनिया में लोग सावन के सार्वजनिक आनंद की जगह व्यक्तिगत मनोरंजन तक सीमित हो गए हैं।
सांस्कृतिक चेतना का क्षरण
आज सावन का महीना आता तो है, लेकिन उसका एहसास कहीं नहीं होता। पहले सावन केवल एक मौसम नहीं था, वह एक भावना, एक अनुभूति, और एक जीवंत संस्कृति का प्रतीक था। आज की युवा पीढ़ी उस संस्कृति से अपरिचित होती जा रही है। सवाल यह है कि क्या हम इस सांस्कृतिक विरासत को पुनः संजो पाएंगे? क्या आधुनिकता के साथ परंपरा का समन्वय संभव है?
यदि यह रुझान ऐसे ही जारी रहा तो निकट भविष्य में सावन, कजरी, मेंहदी, झूले और हरियाली तीज केवल किताबों और बुजुर्गों की यादों में सिमट कर रह जाएंगे। यह न केवल परंपराओं का नुकसान है, बल्कि संस्कृति और प्रकृति से हमारे जुड़ाव का भी ह्रास है। यह समय है चेतने का, संस्कारों को पुनर्जीवित करने का, और सावन के बहाने सामाजिक और पारिवारिक मेलजोल को फिर से मजबूत करने का। वरना, सावन केवल एक तारीख बनकर रह जाएगा बिना उस उमंग और खुमारी के, जिसकी पहचान वह कभी था।
JAUNPUR NEWS जौनपुर। समाजसेवा की मिसाल पेश करते हुए आशीष सिंह ने अपना जन्मदिन कुछ खास अंदाज़ में मनाया। डॉ. सदगुरु रितेश्वर महाराज के आदेश पर आशीष सिंह शुक्रवार को जौनपुर के एक वृद्धाश्रम पहुंचे और वहां मौजूद बुजुर्ग महिलाओं के साथ केक काटकर जन्मदिन का जश्न मनाया।
इस अवसर पर आशीष सिंह ने बुजुर्ग महिलाओं को अपने हाथों से केक खिलाया और सभी को भोजन भी कराया। वृद्धाश्रम की जरूरतों को देखते हुए उन्होंने वहां मनोरंजन के लिए एलईडी टीवी और इनवर्टर भी लगवाया।
बुजुर्ग महिलाओं से संवाद करते हुए आशीष सिंह ने कहा, “हम भी आपके बेटे जैसे हैं, हमें अपने से अलग न समझें। जब भी किसी चीज़ की जरूरत हो, हमें ज़रूर याद करें।” उन्होंने यह भी घोषणा की कि पूरे आश्रम में एसी लगाया जाएगा, ताकि गर्मी से राहत मिल सके।
इस मानवीय कार्य में आशीष सिंह के साथ डॉक्टर अवनीश (खुदौली धाम), सुरेंद्र सिंह, विवेक सिंह, गुड्डू सिंह, सौरव सिंह, मनीष सिंह और हर्षवर्धन सिंह भी मौजूद रहे। सभी ने इस अवसर पर बुजुर्गों से बातचीत की और उनका आशीर्वाद लिया।
In Kachgaon of Jaunpur, drain construction is being done by ignoring the standards :
कचगांव में मानक को ताख पर रखकर कराया गया नाली निर्माण का फोटो सोशल मीडिया पर हो रहा वायरल।
JAUNPUR NEWS जनपद जौनपुर के नगर पंचायत कजगांव के माधोपट्टी वार्ड में नाली निर्माण का कार्य लगभग एक माह के अन्दर कराया गया है। नागरिकों का आरोप है नाली निर्माण कार्य पूरी तरह से मानक को ताख पर रखकर बनवाया गया है जिसका फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। फोटो वायरल होते ही एक बार फिर नगर पंचायत कजगांव अपने कारनामा के चलते चर्चा में आ गया। एक कहावत है कि तू-तू डाल-डाल तो मैं पात-पात उक्त कहावत नगर पंचायत कजगांव पर सटीक बैठ रही है। क्योंकि उक्त प्रकरण में शासन-प्रशासन डाल-डाल तो नगर पंचायत कजगांव पात-पात देखने को मिल रहा है।
सरकार जहां एक तरफ अपनी सांख पर कोई आंच न आवे और नगर पंचायत के विकास के लिए तमाम योजनाऐं चला रही है वही दूसरीं तरफ नगर पंचायत एक के बाद एक कारनामा करने में जुटा रहता है। अपने कारनामों के चलते उक्त नगर पंचायत हमेशा सरकार की मंशा पर पानी फेरनें का काम करता रहता है।
नगर पंचायत कचगांव द्वारा क्षेत्र के माधोपट्टी वार्ड में नाली निर्माण का कार्य कराया गया। नाली को पुरी तरह से मानक के विपरीत बनता देखकर वार्डवासियों ने नाली निर्माण कार्य में अनियमितता को देकर बन रहे नाली का फोटो बनाकर सोशल मिडिया पर वायरल कर दिया। बताया जाता हैं यह एक ऐसा नगर पंचायत है जो अपने कारनामों के चलते हमेशा चर्चा में बना रहता है। मानक को ताख पर रखकर ठेकेदार इस नाली का निर्माण कार्य करा दिया। इस नाली के प्रति नगर पंचायत अध्यक्ष व अधिशासी अधिकारी सहित सभी जिम्मेदार लोग कुम्भकर्णी निद्रा में लीन हैं। इस फोटो के बारे में जब माधोपट्टी वार्ड के सभासद के पुत्र अखिलेश यादव से फोन के माध्यम से जानकारी लिया गया तो उन्होंने बताया कि जब नाली बन रही थी। उसी समय नाली में पुराने व खराब ईंट लगाने कि जानकारी होते ही इसकी सूचना मैंने अधिशासी अधिकारी को दिया था लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई और ठेकेदार द्वारा मनमानी ढंग से नाली का कार्य कराकर चला भी गया।
JAUNPUR NEWS , राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली के निर्देश और राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ द्वारा चलाए गए अभियान जो मुख्य रूप से से राष्ट्रीय लोक अदालत और मध्यस्थता अभियान पर केंद्रित हैं पर एक विधिक साक्षरता जागरूकता सेमिनार जनपद न्यायाधीश अनिल कुमार वर्मा की अध्यक्षता और सचिव पूर्णकालिक अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश कुमार सिंह की देखरेख में तहसील परिसर बदलापुर जौनपुर में आयोजित किया गया
इस सेमिनार में प्रशांत कुमार सिंह सचिव पूर्ण कालिक डॉ दिलीप कुमार सिंह डिप्टी चीफ डिफेंस काउंसिल देवेंद्र कुमार सिंह पैनल लॉयर एवं काउंसलर अधिवक्तागण तहसील परिसर बदलापुर श्रीमती चंद्रावती निगम पैरा लीगल वॉलिंटियर और अन्य विभागों की महिला कार्यकर्ता पीएलवी प्राधिकरण के सुनील कुमार मौर्य और तहसील बदलापुर में तहसीलदार के कार्यालय के कर्मचारीगण और परिसर में उपस्थित वादकारी गण कार्यक्रम सम्मिलित हुए
कार्यक्रम में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सचिव पूर्ण करने प्रशांत कुमार सिंह ने मध्यस्थता और राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में विस्तार से प्रकाश डाला और अधिक से अधिक वादों का निस्तारण मध्यस्थता के द्वारा और राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन निश्तारित करने पर बल दिया उन्होंने बताया कि प्राधिकरण में पीड़ित महिलाओं लड़कियों और अन्य वर्गों के लिए निशुल्क सेवाएं उपलब्ध है इसके अलावा उन्होंने प्राधिकरण के कार्य और उद्देश्यों पर भी विस्तार पूर्वक बताते हुए सुलह के द्वारा सभी सुलह योग्य मुकदमों के निस्तारण के लिए आवाहन किया
इस सेमिनार का संचालन करते हुए डिप्टी चीफ डिफेंस काउंसिल डॉक्टर दिलीप कुमार सिंह ने बताया कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण को वैकल्पिक न्याय प्रणाली के रूप में 1980 के दशक में बनाया गया जिसके मुख्य दिशा निर्देशक जस्टिस पी एन भगवती और जस्टिस वी कृष्णा अय्यर थे उन्होंने बताया कि किस तरह से संपूर्ण भारत के हर जनपद में स्थापित प्राधिकरण में मध्यस्थ पैनल लॉयर काउंसलर डिफेंस लीगल सिस्टम पैरालीगल वॉलिंटियर फ्रंट ऑफिस वैवाहिक प्री लिटिगेशन वाद और अन्य से किस प्रकार निशुल्क सहायता और जागरूकता प्राप्त की जा सकती है । राष्ट्रीय लोक अदालत और मध्यस्थ धारा किए गए वाद अंतिम होते हैं और इसमें सारी फीस वापस हो जाती है
काउंसलर देवेंद्र कुमार यादव ने विस्तार से फ्रंट पैनल सिस्टम परिवार न्यायालय में काउंसलिंग सिस्टम और सुलह के द्वारा मुकदमों के निस्तारण के बारे में बताते हुए कहा कि किस तरह पीड़ित और प्रताड़ित लोग प्राधिकरण में आकर निशुल्क सेवाएं प्राप्त कर सकते हैं पारिवारिक प्रताड़ना और तेजाब इत्यादि से पीडित किस प्रकार सहायता कर सकते हैं इन सभी बारे में बताया ।
jaunpur news,DM ने नवोन्मेष प्रदर्शनी में लिया भाग
जनपद स्तरीय इंस्पायर अवार्ड मानक प्रदर्शनी तिलकधारी सिंह इंटर कॉलेज में सम्पन्न
JAUNPUR NEWS जौनपुर तिलकधारी सिंह इंटर कॉलेज, के मार्कण्डेय सिंह सभागार में आज जनपद स्तरीय इंस्पायर मानक योजनान्तर्गत नवोन्मेष प्रदर्शनी एवं प्रोजेक्ट प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। यह आयोजन वर्ष 2023-24 एवं 2024-25 के लिए चयनित छात्र-छात्राओं के अभिनव वैज्ञानिक अनुसंधानों को मंच प्रदान करने हेतु किया गया, जिसमें जौनपुर एवं भदोही जनपदों के कुल 131 प्रतिभागियों ने सहभागिता की।
मुख्य अतिथि जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। मंच पर जिला विद्यालय निरीक्षक राकेश कुमार, एडी बेसिक वाराणसी मंडल उमेश शुक्ला, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. गोरखनाथ पटेल सहित अन्य गणमान्य अतिथिगण उपस्थित रहे। प्रधानाचार्य डॉ. सत्य प्रकाश सिंह ने अतिथियों का स्वागत माल्यार्पण कर एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर किया। विद्यालय के छात्राओं द्वारा स्वागत गीत एवं सरस्वती वंदना प्रस्तुत की गई।
प्रतियोगिता में सम्मिलित प्रोजेक्ट्स में से 10% प्रतिभागियों का चयन राज्य स्तरीय विज्ञान प्रदर्शनी हेतु किया गया। चयनित प्रतिभागियों में जौनपुर से दीपिका मौर्य, मयंक मिश्रा, दिव्यांश सिंह, श्रेयांश अग्रहरि, स्नेहा गुप्ता, कुमकुम सरोज, प्रिंस कुमार शुक्ला, तथा भदोही से विपिन कुमार मौर्य, सागर चौहान, कृष्ण यादव, मुस्कान बानो एवं अमन गौतम शामिल रहे। पुरस्कार विजेता, जूनियर वर्ग में प्रथम पुरस्कार -कुमकुम सरोज, द्वितीय पुरस्कार- मुस्कान बानो, तृतीय पुरस्कार- अमन गौतम को प्राप्त हुआ।
सीनियर वर्ग में प्रथम पुरस्कार- प्रिंस कुमार शुक्ल, द्वितीय पुरस्कार- श्रेयांश अग्रहरी, तृतीय पुरस्कार- कृष्णा यादव को प्राप्त हुआ।दोनों वर्गों से पाँच-पाँच छात्रों को सांत्वना पुरस्कार से सम्मानित किया गया। पुरस्कार स्वरूप प्रथम स्थान को ₹4000, द्वितीय को ₹3000, तृतीय को ₹2000 एवं सांत्वना पुरस्कार हेतु ₹500 की धनराशि प्रदान की गई।निर्णायक मंडल मेंभारत सरकार की ओर से इंस्पायर मानक योजना के विशेषज्ञ इंजीनियर सुभदीप बनर्जी एवं इंजीनियर शुभंकर भास्कर, विश्वविद्यालय प्रतिनिधि: प्रो. संदीप सिंह, डॉ. विक्रांत भतेज (पूर्वांचल विश्वविद्यालय), प्रो. मनोज कुमार सिंह, डॉ. प्रेमचंद (तिलकधारी महाविद्यालय), डॉ. अनिल कुमार मौर्य, डॉ. विष्णु मौर्य (राजा श्रीकृष्ण महाविद्यालय) विशेषज्ञ सम्मिलित रहे। प्रदर्शनी में छात्रों द्वारा प्रस्तुत स्टिक कम चेयर, इलेक्ट्रिक रोलिंग बोर्ड, स्मार्ट फायर रोबोट, ऑटोमेटिक वेस्ट सेग्रीगेशन मशीन, सोलर फर्टिलाइजर स्प्रेइंग मशीन जैसे नवाचार दर्शकों एवं निर्णायकों के आकर्षण का केंद्र बने जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र ने चयनित विद्यार्थियों को राज्य स्तर पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन की शुभकामनाएं दीं। एसआरजी विज्ञान श्रीमती आदर्श वर्मा ने योजना की विस्तृत जानकारी दी तथा उप शिक्षा निदेशक श्री विवेक नौटियाल के निर्देशों एवं विजन को साझा किया।
मंच संचालन डॉ. विपनेश श्रीवास्तव एवं सुनील सिंह द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में प्रधानाचार्य डॉ. सत्य प्रकाश सिंह ने सभी प्रतिभागियों, नोडल शिक्षकों तथा सहयोगी टीम का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में जिला नोडल/ जिला समन्वयक समग्र शिक्षा मा० डॉ. राजन सिंह, शिक्षक राकेश कुमार, एवं इंस्पायर अवार्ड टीम नीतीश सिंह, सौरभ ओझा, अंजली बाला , सुभद्रा कुमारी, अनीता रत्ना की अहम भूमिका रह इस अवसर पर जौनपुर एवं भदोही के विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य, शिक्षक, शिक्षिकाएं एवं छात्र-छात्राएं सहित अन्य उपस्थित रहे।
जौनपुर। शाहगंज क्षेत्र के उसरहटा स्थित मिर्जा अनवर बेग इंटर कॉलेज में गुरुवार को भीषण गर्मी से निजात के लिए छात्रों ने नमाज़ अदा कर बारिश के लिए दुआ मांगी, वहीं हिंदू छात्रों ने प्रार्थना करके भगवान इंद्र को मनाने की कोशिश की।
विद्यालय प्रबंध समिति के सचिव मिर्जा अजफर बेग ने कहा कि बारिश न होने से खेती किसानी पर गम्भीर प्रभाव पड़ रहा है, जो आने वाले समय के लिए काफी घातक साबित होगा। भीषण गर्मी में बच्चे, नवजवान, बुजुर्ग से लेकर पशु पक्षी तक काफी परेशान हैं। जिसके लिए विद्यालय में बरसात के लिए दुआ का आयोजन किया गया।इदारा उलूम इस्लामिया मौलाना आजाद तालीमी मर्कज के मौलाना मो. तैयब ने मुस्लिम छात्रों को नमाज अदा कराने के पश्चात अपने रब से बारिश की दुआ मांगी। वहीं प्रवक्ता नागेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में हिन्दू छात्रों ने इंद्रदेव से बरसात के लिए प्रार्थना की। इस मौके पर प्रधानाचार्य नौशाद खान समेत शिक्षक व कर्मचारी मौजूद रहे।
किशोरी से दुष्कर्म, मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने आरोपित को किया गिरफ्तार
एससी एसटी सहित पॉक्सो एक्ट में मुकदमा कायम
खेतासराय (जौनपुर) क्षेत्र की एक गांव में पड़ोसी गांव के एक युवक ने 16 वर्षीय किशोरी के साथ जबरन दुष्कर्म किया। पीड़िता के पिता की तहरीर पर बुधवार को पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार एक गांव की किशोरी मंगलवार की सुबह लगभग 4 बजे शौच के लिए गई थी। अकेलेपन का फायदा उठाकर पड़ोसी गांव के युवक ने जबरन किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता के पिता की तहरीर पर आरोपी सलमान पुत्र मुसाइद निवासी जमदहां के विरुद्ध दुष्कर्म, एससी एसटी और पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया। देर शाम आरोपी को हिरासत में ले लिया गया। किशोरी की मेडिकल जांच के लिए महिला आरक्षी के साथ जिला अस्पताल भेजा गया।
JAUNPUR NEWS.महरौडा गांव से रवाना हुआ कांवरियों का जत्था
बाबा बैजनाथ धाम के लिए महरौड़ा गांव से निकला कांवरियों का भव्य जत्था JAUNPUR NEWS :
भक्ति भाव से गूंजा गांव, 70 श्रद्धालुओं ने लिया देवघर यात्रा का संकल्प
JAUNPUR NEWS जौनपुर: शनिवार को खेतासराय क्षेत्र के महरौड़ा गांव से बाबा बैजनाथ धाम, देवघर (झारखंड) के लिए कांवड़ियों का एक भव्य जत्था पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ रवाना हुआ। इस अवसर पर गांव में भक्तिमय माहौल रहा और हर-हर महादेव के जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा। करीब 70 श्रद्धालु शिवभक्तों ने इस बार पवित्र कांवड़ यात्रा में भाग लिया है।
गांव से पूजा-पाठ के बाद रवाना हुआ जत्था
यात्रा से पूर्व सभी कांवड़ियों ने गांव के प्राचीन शिव मंदिर में एकत्र होकर विधिपूर्वक जलाभिषेक और आरती की। इसके बाद डीजे पर बज रहे भक्ति गीतों की धुन पर धार्मिक शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें पूरे गांव का भ्रमण करते हुए सभी श्रद्धालु शामिल हुए। गांव के कोने-कोने से लोग बाहर निकलकर कांवड़ियों का स्वागत करते नजर आए।
महिलाओं ने किया पारंपरिक विदाई
गांव की महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाज के साथ कांवड़ियों को गांव की सरहद तक विदाई दी। आरती उतारकर, तिलक लगाकर और मंगल गीतों के साथ कांवड़ियों को विदा किया गया। गांव के बुजुर्गों और युवाओं ने भी कांवड़ियों को आशीर्वाद देते हुए उनकी यात्रा को सफल होने की कामना की।
17 वर्षों से निभाई जा रही है यह परंपरा
ग्रामीणों के अनुसार महरौड़ा गांव से कांवड़ यात्रा की परंपरा लगभग 17 वर्ष पूर्व शुरू हुई थी, जब गांव के दो श्रद्धालु—लालचंद विश्वकर्मा और मुन्नर बिन्द पहली बार बाबा बैजनाथ धाम जल चढ़ाने के लिए कांवड़ लेकर रवाना हुए थे। तभी से हर वर्ष सावन माह में गांव के श्रद्धालु यह यात्रा करते आ रहे हैं, और यह अब एक धार्मिक परंपरा का स्वरूप ले चुकी है।
जत्थे में शामिल रहे ये प्रमुख श्रद्धालु
इस बार कांवड़ यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं में फूलमन बिंद, राधेश्याम, अच्छेलाल, सोहनलाल, विजय कुमार गौतम सहित कुल 70 शिवभक्त शामिल हैं। यात्रा के दौरान सभी श्रद्धालु सामूहिक रूप से भजन-कीर्तन करते हुए देवघर तक जाएंगे और वहां पहुंचकर पवित्र जल से बाबा बैजनाथ का जलाभिषेक करेंगे। ग्रामीणों ने श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण कर भावभीनी शुभकामनाओं के साथ विदा किया। यह धार्मिक आयोजन गांव के लिए एक गौरवपूर्ण परंपरा बन गया है, जिसमें हर वर्ग और उम्र के लोग सहभागी बनते हैं।