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आपातकाल की स्मृति पर लोकतंत्र के सेनानियों को किया गया सम्मानित 

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आपातकाल की स्मृति पर लोकतंत्र के सेनानियों को किया गया सम्मानित 
आपातकाल की स्मृति पर लोकतंत्र के सेनानियों को किया गया सम्मानित 

बदलापुर [जौनपुर ] 25 जून 1975 की आपातकाल स्मृति में आज बदलापुर जनसंपर्क कार्यालय कमलम पर लोकतंत्र सेनानी गण को सम्मानित किया और संगोष्ठी कार्यक्रम को मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित किया। 1975 में कांग्रेस ने सत्ता के स्वार्थ व अंहकार में देश पर आपातकाल थोपकर विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की हत्या कर दी। असंख्य सत्याग्रहियों को रातों रात जेल की कालकोठरी में कैदकर प्रेस पर ताले जड़ दिए। नागरिकों के मौलिक अधिकार छीनकर संसद व न्यायालय को मूकदर्शक बना दिया।


एक परिवार के विरोध में उठने वाले स्वरों को कुचलने के लिए थोपा गया आपातकाल आजाद भारत के इतिहास का एक काला अध्याय है। 21 महीनों तक निर्दयी शासन की क्रूर यातनाएं सहते हुए देश के संविधान व लोकतंत्र की रक्षा के लिए निरंतर संघर्ष करने वाले सभी देशवासियों के त्याग व बलिदान को नमन करता हूं।


इस मौके पर लोकतंत्र सेनानी गण श्री रतीराम यादव, श्री राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता, लल्लनराम यादव, पुल्लूराम यादव, श्री बलराम चौरसिया, श्री आद्या प्रसाद मिश्र, श्री जयनाथ पाल, श्री उमाशंकर सरोज, श्री राजाराम सरोज, श्री मेहीलाल गौतम, श्री जवाहर लाल यादव, श्री बनवारी लाल गौतम, श्री रामयश मौर्य, श्री भगवानदीन गुप्ता, जिला मंत्री श्री अवधेश यादव, श्री गंगा प्रसाद सिंह, श्री बद्री नारायण शास्त्री, श्री ओंकार नाथ मिश्र, मंडल अध्यक्ष श्री शनि शुक्ला, श्री बलबीर गौड़, श्री सिकन्दर मौर्य, श्री आशीष कुमार सिंह आशु, श्री भूपेश सिंह आदि उपस्थित रहे।

नदी में उतराया अज्ञात महिला की मिली लाश,नहीं हो सका शिनाख्त

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नदी में उतराया अज्ञात महिला की मिली लाश,नहीं हो सका शिनाख्त
नदी में उतराया अज्ञात महिला की मिली लाश,नहीं हो सका शिनाख्त

खेतासराय (जौनपुर) क्षेत्र के जमदहां और झांसेपुर गाँव के बीच बेसव नदी में गुरुवार को महिला का शव मिलने से सनसनी फैल गई।जानकारी होने पर ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने लाश की पहचान कराने की कोशिश की। लाश की पहचान नहीं हो पाई। पुलिस ने लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।


ग्रामीण कृषि कार्य के लिए खेत की तरफ गये थे। नदी से दुर्गंध उठने पर कोई व्यक्ति नदी में औंधे मुंह महिला की लाश देख दंग रह गया। पानी में लाश काफी फूल चुकी थी। लाश मिलने की बात गांवों तक पहुंची तो मौके पर देखने वालों की भीड़ जुट गई। किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने लाश को बाहर निकलवाया। लेकिन शिनाख्त नहीं हो पाई। महिला मेंहदी रंग की सलवार और छींटदार सूट पहने थी। जिसकी जीभ बाहर निकली थी और शव लगभग एक सप्ताह पुराना प्रतीत हो रहा था। जिससे बदबू आ रही थी। पानी में लाश फूल जाने से पैर के चमड़े कट गये थे।

चेहरे पर फुंसी की दवा लेने आई थी मां,डॉक्टर की लापरवाही से बच्चे की मौत   

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चेहरे पर फुंसी की दवा लेने आई थी मां,डॉक्टर की लापरवाही से बच्चे की मौत   
चेहरे पर फुंसी की दवा लेने आई थी मां,डॉक्टर की लापरवाही से बच्चे की मौत   

 चेहरे में फुंसी का इलाज कराने आई थी मां, डॉक्टर की लापरवाही से बच्चे की हुई मौत ,मुकदमा दर्ज 

खेतासराय (जौनपुर) मानीकलां बाजार के एजेंसी चौराहे पर एक झोला छाप डाक्टर से बालक के चेहरे पर फोड़े का इलाज कराना काफी मंहगा साबित हुआ। चिकित्सक द्वारा इंजेक्शन और दवा देने के कुछ देर बाद ही बालक के मुँह से झाग आना शुरू हो गया और तबियत बगड़ने लगी स्थिति अनियंत्रित देख चिकित्सक ने रेफर कर दिया मामला पी.एच.सी. सोंधी पहुँचा तो डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है की रास्ते में ही उसकी मौत हो गयी। मामले में माँ पूनम की तहरीर पर चिकित्सक के विरुद्ध पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।

क्षेत्र के बारा कला गाँव निवासी रंजीत के नेवासा में ग्यासपुर नोनारी में पूनम परिवार के साथ रह रही थी। पूनम पत्नी रंजीत जिनके पुत्र ऋषभ (7 वर्ष) के चेहरे में फोड़ा हो गया था। बुधवार की देर शाम इसके इलाज के लिए इन्होंने एक निजी चिकित्सक अमरेथुआ निवासी डा. उदय राज राजभर जिनकी मानीकलां बाजार में क्लीनिक है, जहाँ इन्होंने इलाज कराया। इलाज के कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई। माँ पूनम ने तहरीर देकर आरोप लगाया है कि फोड़े के इलाज के लिए आयी थी उक्त चिकित्सक ने इंजेक्शन और दवा दिया जिसके पश्चात मौत हो गई। परिजन शव लेकर थाने पहुँच गए और विधिक कार्यवाही की माँग करने लगे पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर विधिक कारवाई हेतु पोस्टमार्टम भेज दिया साथ ही चिकित्सक के विरुद्ध 106 बी.एन. एस. में मुकदमा पंजीकृत किया है। इधर मौत के बाद चिकित्सक फरार बताया जा रहा है।

वहीं ग्रामीणों ने बताया की इसके पूर्व भी इसके इलाज से दो लोगों की मौत हो चुकी है। मुख्य चिकित्साधिरी डॉ. लक्ष्मी सिंह के आदेश पर चिकित्साधिकारी डॉ. मसूद अहमद के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम घटना की जाँच करने पहुँची तो चिकित्सक का क्लीनिक बन्द मिला तो बारा गाँव पहुँच कर पीड़ित परिवार से मिलकर घटना की जानकारी लिया और रिपोर्ट मुख्य चिकित्साधिकारी को प्रेषित कर दिया।

राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित ,पूर्व प्रधानाचार्य राधे मोहन मिश्रा की मनाई गई तृतीय पुण्यतिथि

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पूर्व प्रधानाचार्य व राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित राधे मोहन मिश्रा की मनाई गई तृतीय पुण्यतिथि

जौनपुर (जफराबाद)गद्दीपुर कजगावं मे पूर्व प्रधानाध्यापक एवं राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित स्व राधे मोहन मिश्रा की तृतीय पुण्यतिथि उनके निजी आवास पर घर के सभी सदस्य व तमाम समर्थकों की मौजूदगी में मनाईं गईं।इस अवसर पर उनके चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित की गई।वक्ताओं ने मिश्रा के व्यक्तित्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि वे सम्पूर्ण समाज को अपना परिवार मनाते थे वह अपने शिक्षण कार्य के प्रति सदैव उदार थे और संस्था में अच्छे कार्य के लिए राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित भी गए थे ।यह‌ बात अपने आप में गौरवान्वित करतीं उनके द्वारा पढ़ाए विद्यार्थी उन्हें आज भी अपना आदर्श मानकर उनके पद चिन्हों पर चलते हैं ।अंत में अवधनामा ब्यूरो चीफ राजेश मिश्रा ने कार्यक्रम में आए हुए अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में राधेश्याम मिश्रा, राजेन्द्र प्रसाद मिश्रा , महेंद्र मिश्रा ,नरेंद्र मिश्रा, सत्येन्द्र प्रसाद मिश्रा, सत्य प्रकाश मिश्रा,सतोंष मिश्रा गुड्डू, संतोष मिश्रा (सुग्गू ), विपिन ,शैलेश, मनोज, विकास , शाश्वत आदि मौजूद रहे।

कजली और उसके मजमून की विविधता

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लोक साहित्य की एक सशक्त और लोकप्रिय विधा का नाम कजली है।बादलों की सुरमई रंगत ही कजरी या कजली के नामकरण का‌ वज़ह है।वारिशों के खुशगवार मौसम में लोगों के दिलो-दिमाग की नई -नई उम्मीदें और नये खयालात् के इज़हार का नाम कजली है।सावन की मखमली हरियाली लोगों के मन-मयूर को नाचने के लिए मजबूर कर देतीहै। दरअसल,रुत बरसात में जब पूरी कुदरत ही थिरक रही होती है तो कोई कैसे अपने इज़हार को रोक सकता है।


कजली की पैदाइश के सिलसिले में कुछ कहा नहीं जा सकता। इंसान को जभी सुर और लफ़्ज़ का इल्म हुआ होगा तभी से कजली की तरक्की का सफ़र जारी है अमीर खुसरो , बहादुर शाह ज़फ़र के वक्त से गुजरते हुए हिन्दी अदब के भारतेन्दु जी, अम्बिका दत्त व्यास,बदरी नारायण चौधरी “प्रेम घन”श्रीधर पाठक,द्विज बलदेव, पंडित राम नरेश त्रिपाठी आदि तक पहुंचते -पहुचते एक खूबसूरत मुकाम हासिल कर लिया । हिंदी साहित्य,ल़ोक साहित्य के अलावा हिन्दुस्तानी सेमी-क्लासिकल मौसीकी की शक्ल में भी कजली की अहमियत महफूज़ रही है। हिन्दी फिल्मों में भी इसका वजूद और एहतियात रहा है।


विषय-वस्तु की विविधता:-


जहां वर्षा ऋतु के गीतों में बृज का मल्हार,अवध की सावनी और बुन्देलखण्ड का राछरा को शोहरत मिली है वहीं मिर्जापुर और बनारस की कजली की मकबूलित कम नहीं है। बनारसी कजली का रस सबको अपने वश में कर लेता है। कजली की शुरुआती शक्ल अमीर खुसरो की रचना से हासिल होती है –


एरी सखी पिया घर आए,
भाग जगे इस आंगन को
जिस सावन में पिया घर नाहीं,
आग लगे उस सावन को।

मौजूदा वक्त में कजली अपनी परम्परा को कायम रखते हुए समकालीन लोक जीवन ‌का आईना बनी हुई है। जिंदगी का शायद ही कोई हिस्सा होगा, जिसका जिक्र इसमें न हुआ हो। सामाजिक, मज़हबी,माली हालत, कुदरत से लगाव,वतनपरस्ती, पर्यावरण चेतना, महंगाई, नशाखोरी, दहेज़ की वारदातें, परिवार नियोजन, औरतों के हालात हालात,हिज्रो-विसाल,परदेश रह रहे शौहर का ग़म , मायके की मुहब्बत, हंसी -मजाक , उम्मीद -गैर उम्मीद, खुशी और ग़म, सहेलियों से पीहर का तज़िकिरा, शौहर की आवारगी का तल्ख़ ऐतराज, रूठना, मनाना, मानना ये जिंदगी के सभी रंग कजली के संग।मगर, शौहर की सोहबत और पीहर की मुहब्बत की कशिश कुछ और ही है जो ताउम्र कायम व महफूज़ रहती है तभी मुहब्बत की हकीकत, तबीयतदारी और चैनदारी का खुश रंग मुख से टपक पड़ता है -“सवनवां में ना जइबो ननदी”


लेख-
प्रेम नाथ सिंह “चंदेल”
एम.ए.(हिन्दी, संस्कृत, संगीत)
श्री गांधी स्मारक इंटर कॉलेज समोधपुर जौनपुर

जौनपुर: दुर्घटना में मारे गए कृष्ण कुमार की पत्नी को मंत्री ने दिया 5 लाख का स्वीकृति प्रमाण पत्र

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जौनपुर दुर्घटना में मारे गए कृष्ण कुमार की पत्नी को मंत्री ने दिया 5 लाख का स्वीकृति प्रमाण पत्र
जौनपुर दुर्घटना में मारे गए कृष्ण कुमार की पत्नी को मंत्री ने दिया 5 लाख का स्वीकृति प्रमाण पत्र

जौनपुर :सड़क दुर्घटना में मारे गए कृष्ण कुमार की पत्नी को मंत्री ने दिया लाख रूपये की आर्थिक सहायता नगर क्षेत्र के मोहला वाजिदपुर दक्षिणी के निवासी  कृष्ण कुमार यादव का सड़क दुर्घटना में दुःखद निधन हो गया था। उत्तर प्रदेश सरकार के माननीय राज्यमंत्री खेल एवम युवा कल्याण विभाग श्री गिरीश चंद्र यादव जी ने शोक संतप्त परिजनों से भेंट कर संवेदनायें प्रकट किया एवं उनकी धर्मपत्नी को ‘मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना’ के अंतर्गत रु. 5,00,000- (पांच लाख) की आर्थिक सहायता का स्वीकृति प्रमाण पत्र प्रदान किया।

18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे अब नहीं चला पाएंगे मोटरसाइकिल,लगेगा जुर्माना   

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18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे अब नहीं चला पाएंगे मोटरसाइकिल,लगेगा जुर्माना   

मोटर वाहन अधिनियम :18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे मोटरसायकिल चलाकर अब नहीं जाएंगे स्कूल ,पकडे जाने पर लगेगा जुर्माना 


जौनपुर: मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 4 में प्रावधान किया गया है कि 18 वर्ष से कम आयु के किसी भी व्यक्ति द्वारा किसी सार्वजनिक स्थान में मोटरयान नहीं चलाया जायेगा, परन्तु कोई व्यक्ति 16 वर्ष की आयु प्राप्त कर लेने के पश्चात् किसी सार्वजनिक स्थान में 50 सी0सी0 से कम इंजन क्षमता की मोटरसाइकिल को चला सकेगा।

 सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) ने अवगत कराया है कि इसी के साथ ही धारा 5 में यह प्रावधान किया गया है कि किसी भी मोटरयान का स्वामी किसी ऐसे व्यक्ति से न तो यान चलवाएगा और न ही इसे चलाने की अनुमति देगा, जिसके पास वैध ड्राइविंग लाइसेंस न हो। उपरोक्त के अतिरिक्त मोटर वाहन संशोधन अधिनियम, 2019 के माध्यम से किशोरों द्वारा किये जाने वाले मोटर वाहन अपराधों के संबंध में एक नयी धारा 199क जोड़ी गयी है जिसके अन्तर्गत प्राविधान किया गया है कि किसी किशोर द्वारा मोटरवाहन अपराध में किशोर/मोटर वाहन स्वामी को 03 वर्ष तक का कारावास तथा 25 हजार रू0 तक का जुर्माना आरोपित किया जा सकता है तथा अपराध में प्रयुक्त वाहन का पंजीयन 01 वर्ष की अवधि के लिए निरस्त कर दिया जाएगा तथा ऐसे किशोर का ड्राइविंग लाइसेंस 25 वर्ष की आयु पूर्ण करने के उपरान्त ही बन सकेगा।

उक्त के साथ जनपद के समस्त विद्यालय एवं कोचिंग संस्थान के प्रबन्धक/ प्रधानाचार्य/संचालक से अनुरोध है कि यदि कोई व्यक्ति 18 वर्ष से कम आयु का है और वाहन का संचालन करते हुए आपके विद्यालय/कोचिंग संस्थान में आता है तो आप व्यक्तिगत रूप से उसे ऐसा करने से मना करेंगे। यद्यपि उक्त किशोर द्वारा न मानने पर सम्भागीय निरीक्षक (प्राविधिक)  के मोबाइल नम्बर-7007851478 एवं यातायात निरीक्षक मो0नम्बर-7007461488 पर सूचित करेंगे। उक्त के साथ यह भी अवगत कराना है कि जिन कोचिंग संस्थान/विद्यालयों पर 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे वाहन चलाते हुए आते है तो उक्त विद्यालय/कोचिंग संस्थान की भी जिम्मेदारी निर्धारित की जायेगी।

उद्योग व्यापार मंडल के नवनिर्वाचित तहसील अध्यक्ष बने प्रदीप जायसवाल

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उद्योग व्यापार मंडल के नवनिर्वाचित तहसील अध्यक्ष बने प्रदीप जायसवाल

शाहगंज [जौनपुर ] नगर में मंगलवार रात उद्योग व्यापार मंडल की तहसील और नगर इकाई के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का स्वागत एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया । कार्यक्रम में सभी ने व्यापारी हितों की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास करने का संकल्प दोहराया । इस मौके पर हाथरस में भगदड़ की वजह से मारे गए लोगों की आत्मा की शांति के लिए मौन भी रखा गया ।

कस्बे के आजमगढ़ रोड स्थित होटल शाहगंज पैलेस पर आयोजित कार्यक्रम में निवर्तमान तहसील अध्यक्ष अनिल मोदनवाल और निवर्तमान नगर अध्यक्ष रविकांत जायसवाल ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के नाम की घोषणा की । उद्योग व्यापार मंडल के वरिष्ठ सदस्यों ने तहसील इकाई के निर्वाचित अध्यक्ष प्रदीप जायसवाल, महामंत्री नरेंद्र गुप्ता, कोषाध्यक्ष उमेश चंद्र जायसवाल और नगर इकाई के निर्वाचित अध्यक्ष अर्पित जायसवाल, महामंत्री सुनील अग्रहरि टप्पू और कोषाध्यक्ष भुवनेश्वर मोदनवाल का माल्यार्पण कर स्वागत किया ।

दोनों इकाई के अध्यक्षों ने अपने स्वीकार्यता उद्बोधन में व्यापारी हितों को सर्वोपरि रखते हुए व्यापारी एकता को सुदृढ़ करने की बात कही । उन्होंने कहा कि जल्द अपनी कार्यकारिणी की घोषणा करेंगे । सभा को दिनेश चंद्र गांधी, अरविंद अग्रहरि, सुशील सेठ बागी ने भी संबोधित किया । अंत में सभी व्यापारियों ने हाथरस में भगदड़ के दौरान मारे गए सभी मृतकों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और दो मिनट का मौन रखा । कार्यक्रम का संचालन सौरभ सेठ ने किया ।

इस मौके पर जौनपुर प्रेस क्लब शाहगंज के अध्यक्ष चंदन कुमार जायसवाल ,अब्दुल कासिम खान ,विवेक कुमार ,अजय सिंह, सत्येंद्र मोदनवाल, महेंद्र प्रताप वर्मा एडवोकेट, मनोज जायसवाल, मनीष अग्रहरि, दीपक जायसवाल, आशीष प्रीतम, ओम चौरसिया, देवी प्रसाद मंटू चौरसिया, अनिमेष अग्रहरि, अजय अग्रहरि, धीरज पाटिल ,दिनेश चंद गांधी, राजू अग्रहरि ,सुशील सेठ बागी , प्रज्ञेस मोदनवाल ,विजय अग्रहरी ,गोपाल अग्रहरि, राहुल अन्ना ,वेदप्रकाश जायसवाल, सहित काफी संख्या में लोग मौजूद रहे ।

जौनपुर मत्स्य विभाग में 15 जुलाई को 16 विभागीय जलाशयों की होगी नीलामी

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जौनपुर मत्स्य विभाग में 15 जुलाई को 16 विभागीय जलाशयों की होगी नीलामी
जौनपुर मत्स्य विभाग में 15 जुलाई को 16 विभागीय जलाशयों की होगी नीलामी

जौनपुर : मुख्य कार्यकारी अधिकारी मत्स्य शाहिद जमाल ने अवगत कराया है कि मत्स्य विभाग के प्रबन्धन में चल रहे 16 विभागीय जलाशयों की नीलामी हेतु 15 जुलाई  को निविदा आमंत्रित की गयी है। जिसमें निविदा प्रपत्र शुल्क शासन द्वारा धनराशि रू0 100 निर्धारित है, निविदा फार्म 12 जुलाई को सायं 4ः00 बजे तक विकास भवन द्वितीय तल मत्स्य विभाग के कार्यालय से प्राप्त किया जा सकता है। निविदा प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 15 जुलाई को अपरान्ह् 12ः00 बजे से 2ः00 बजे तक है। अन्य जानकारी के लिए मत्स्य विभाग के कार्यालय से किसी भी कार्य दिवस पर प्राप्त किया जा सकता है।

पुरातन छात्रों का किया जाएगा समागम

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विद्यालय का सर्वांगीण विकास करना मेरी पहली प्राथमिकता: डॉ प्रमोद कुमार प्रधानाचार्य

JAUNPUR NEWS :जौनपुर जिले के प्राचीनतम और प्रतिष्ठित विधालय बीआरपी इंटर कॉलेज के नवागत प्रधानाचार्य के रूप में कुलभास्कर आश्रम कृषि इंटर कॉलेज प्रयागराज से स्थानांतरित होकर आए डॉ प्रमोद कुमार श्रीवास्तव ने आज बीआरपी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य के रूप में पदभार ग्रहण किया। पदभार ग्रहण करने के उपरांत उन्होंने पत्रकारों से बातचीत किया। इस दौरान उन्होंने अपनी प्राथमिकताओं के बारे में बताते हुए कहा कि इस सत्र में पठान-पाटन की व्यवस्था को सही करना विद्यालय का शैक्षणिक वातावरण को कॉन्वेंट स्कूल के बराबर करना कॉलेज और ऊंचाई पर ले जाना मेरी प्राथमिकता है। साथ ही कॉलेज कॉलेज को हर क्षेत्र में शिक्षा खेलकूदय डिबेट स्वास्थ्य में भी छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए जोरदार प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि विद्यालय के उत्तरोत्तर विकास के लिए कॉलेज के पुरातन छात्रों का भी सहयोग लिया जाएगा। कॉलेज में पुरातन छात्र समागम कराकर उनको सम्मानित भी किया जाएगा साथ ही विद्यालय को किस तरह से और ऊंचाई पर ले जाएं उनका सहयोग और सुझाव लिया जाएगा। विद्यालय के विकास में समाज के विभिन्न वर्गों का भी सहयोग लिया जाएगा। श्री श्रीवास्तव ने बताया कि बीआरपी इंटर कॉलेज का 1959 से लेकर 1980 तक इस कॉलेज का स्वर्णिम काल था उसे दौर के पूर्व प्रधानाचार्य स्वर्गीय बाबू श्री रघुवीर प्रसाद वर्मा, स्वर्गीय मदन मोहन वर्मा स्वर्गीय डॉक्टर कमल कांत वर्मा बीआरपी इंटर कॉलेज के प्रबंधक हुआ करते थे। मेरा इस विद्यालय से गहरा लगाव है जिस कारण में प्रयागराज को छोड़कर पुनः विद्यालय में एक नए विजन के साथ आया हूं। आशा करता हूं कि आप सभी का पूरा सहयोग कॉलेज को उच्च शिखर तक पहुंचने में प्राप्त होता रहेगा। मैं पूर्व में भी इस विद्यालय में 22 वर्ष तक रसायन विज्ञान के प्रवक्ता पद पर भी अपनी सेवा दे चुका हूं। वहीं कॉलेज का पदभार ग्रहण करते ही विभिन्न शिक्षक संगठनों के नेताओं ने पहुंचकर उन्हें बधाई दिया। इस क्रम में माध्यमिक शिक्षा चयन बोर्ड के पूर्व सदस्य ललित श्रीवास्तव माध्यमिक शिक्षक संघ ठाकुरई गुट के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमेश सिंह, राकेश सिंह, दिलीप सिंह, अनिल सिंह, अतुल सिंह ,जिला अध्यक्ष तेरस यादव शशि प्रकाश शुक्ला सुनील कुमार सिंह व प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष अमित सिंह ,राजेश सिंह, संतोष सिंह, सहित विद्यालय के अजय वर्मा, दीपक श्रीवास्तव, संतोष श्रीवास्तव, अजय श्रीवास्तव मनोज मिश्र, प्रकाश यादव, ओम प्रकाश ,धर्मेंद्र यादव, विमल श्रीवास्तव ,संजीव सिंह, गुलराज यादव ,जगत प्रकाश श्रीवास्तव, दिलीप श्रीवास्तव आदि ने बुक देकर जोरदार स्वागत किया।उक्त जानकारी कॉलेज के मीडिया प्रभारी दीपक श्रीवास्तव द्वारा दिया गया।